Skip to Videos
  • cbi (1).jpg

    जम्मू-कश्मीर: सीबीआई ने 10 हजार रुपये रिश्वत लेते पुलिस सब-इंस्पेक्टर को रंगे हाथों किया गिरफ्तार; FIR न दर्ज करने के एवज में मांगी थी घूस

    जम्मू, 17 अगस्त (अन्‍नू): केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने रिश्वतखोरी के एक मामले में कड़ी कार्रवाई करते हुए जम्मू-कश्मीर पुलिस के एक सब-इंस्पेक्टर को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी सब-इंस्पेक्टर जम्मू के जानीपुर पुलिस स्टेशन (Police Station Janipur) में तैनात है।

    वैवाहिक विवाद में FIR न दर्ज करने के नाम पर मांगी रिश्वत

    • शिकायत पर सीबीआई का एक्शन: सीबीआई के अनुसार, 16 अगस्त 2026 को आरोपी सब-इंस्पेक्टर के खिलाफ शिकायत मिलने पर मामला दर्ज किया गया था।

    • ₹20,000 की मांग, ₹10,000 में हुआ सौदा: आरोप है कि सब-इंस्पेक्टर ने शिकायतकर्ता से उसके खिलाफ वैवाहिक विवाद (Marital Dispute) में एफआईआर दर्ज न करने के एवज में ₹20,000 की रिश्वत मांगी थी। बाद में सौदा ₹10,000 में तय हुआ।

    CBI ने ट्रैप बिछाकर किया रंगे हाथों गिरफ्तार

    • ट्रैप में फंसा आरोपी: शिकायत की पुष्टि होने के बाद सीबीआई की टीम ने 16 अगस्त 2026 को जाल बिछाया और सब-इंस्पेक्टर को शिकायतकर्ता से ₹10,000 की रिश्वत मांगते और स्वीकार करते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।

    • आगे की जांच जारी: सीबीआई ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले में आगे की कानूनी व विवेचनात्मक कार्रवाई जारी है।

    #CBIArest #JammuKashmirPolice #JammuNews #CorruptionFreeIndia #CBIAction #DainikKhabar #CrimeNews #JammuKashmir

  • 7.jpg

    36 साल बाद कश्मीरी पंडितों के हत्यारोपियों पर शिकंजा: एसआईए ने 9 ठिकानों पर की छापेमारी

    जे कुमार श्रीनगर, 13 अगस्त 2026 : घाटी में नब्बे के दशक के दौरान हुए आतंकवाद और लक्षित हिंसा (Targeted Violence) के मामलों में जम्मू-कश्मीर पुलिस की स्टेट इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (SIA) ने बड़ी कार्रवाई की है। 1990 में कश्मीरी पंडितों की हुई निर्मम हत्याओं की निष्पक्ष जांच के तहत एसआईए ने राज्य के 9 अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की।

    ANI News

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई 1990 में अनंतनाग के सोफ शाली (कोकरनाग) निवासी प्रसिद्ध कश्मीरी पंडित लेखक, कवि व समाजसेवी सर्वानंद कौल प्रेमी और उनके 27 वर्षीय पुत्र वीरेंद्र कौल के अपहरण और दोहरे हत्याकांड से जुड़ी है। 29 अप्रैल 1990 की रात आतंकवादियों ने दोनों का उनके घर से अपहरण कर लिया था और प्रताड़ित करने के बाद हत्या कर दी थी |

    इस मामले की फाइलों को नए सिरे से खंगालते हुए एसआईए की टीमों ने पुलिस और पैरामिलिट्री बलों के साथ मिलकर कश्मीर घाटी के 8 स्थानों और जम्मू के बागे बहू क्षेत्र में संदिग्धों के परिसरों पर छापेमारी की। जांच टीम का मकसद इस जघन्य हत्याकांड में शामिल साजिशकर्ताओं और उनके सहयोगियों के खिलाफ सबूत जुटाकर केस को निर्णायक मोड़ तक पहुंचाना है।

    प्रशासन द्वारा 36 साल पुराने मामलों में फिर से जांच शुरू किए जाने और लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से उन कश्मीरी पंडित परिवारों को न्याय मिलने की एक नई उम्मीद जगी है, जिन्होंने आतंकवाद के उस काले दौर में अपने परिजनों को खोया था |

    #JammuKashmir #SIARaids #KashmiriPandit #SrinagarNews #Anantnag #JKPolice #JusticeForKashmiriPandits #BreakingNewsJK

  • 6.jpg

    जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर: 2 स्थानों पर संदिग्ध दिखे, बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन जारी

    जे कुमार जम्मू/श्रीनगर, 12 अगस्त 2026 : स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) से ठीक पहले जम्मू-कश्मीर में सीमा पार से घुसपैठ और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों की कोशिशों को नाकाम करने के लिए सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं। राज्य के दो अलग-अलग संवेदनशील स्थानों पर स्थानीय निवासियों व सतर्कता दल द्वारा संदिग्ध व्यक्तियों की हलचल देखे जाने के बाद बड़े पैमाने पर संयुक्त तलाशी अभियान (Joint Search Operation) शुरू किया गया है।

    मिली जानकारी के अनुसार, पहली संदिग्ध गतिविधि सीमांत इलाके के पास देखी गई, जहां ग्रामीणों की सूचना के आधार पर पुलिस और सेना के जवानों ने इलाके को चारों तरफ से घेर लिया। वहीं, दूसरे स्थान पर भी संदिग्ध हलचल और संभावित ड्रोन/घुसपैठ की गतिविधियों को देखते हुए सुरक्षा बलों ने चप्पे-चप्पे की तलाशी शुरू कर दी है।

    सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि आगामी 15 अगस्त के कार्यक्रमों को सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए सीमा से सटे सभी नाकों और संवेदनशील इलाकों में निगरानी सख्त कर दी गई है। इसके साथ ही आम नागरिकों से अपील की गई है कि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि या अज्ञात व्यक्ति दिखने पर तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन या सुरक्षा बलों को सूचित करें।

    #JammuKashmir #JammuNews #SecurityAlert #IndianArmy #JKPolice #SearchOperation #LoC #BreakingNewsJK

  • 66.jpg

    छड़ी मुबारक की अमरनाथ गुफा के लिए अंतिम यात्रा वीरवार से शुरू; श्रीनगर से होगी रवाना

    जे कुमार श्रीनगर, 10 अगस्त 2026 : वार्षिक श्री अमरनाथ जी यात्रा के अंतिम चरण के तहत पवित्र ‘छड़ी मुबारक’ की पवित्र गुफा मंदिर तक की वार्षिक यात्रा इस वीरवार से विधि-विधान और पारंपरिक पूजा-अर्चना के साथ शुरू होने जा रही है। महन्त दीपेंद्र गिरि जी महाराज की अगुवाई में छड़ी मुबारक श्रीनगर के कोठीबाग स्थित श्री अमरेश्वर मंदिर (अखाड़ा भवन) से पवित्र गुफा के लिए प्रस्थान करेगी।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, वीरवार सुबह अखाड़ा भवन में विशेष पूजा और हवन के बाद पवित्र गदा (छड़ी मुबारक) को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच पहलगाम मार्ग के लिए रवाना किया जाएगा। रास्ते में विभिन्न पड़ावों—पहलगाम, चंदनवाड़ी, शेषनाग और पंचतरणी में विश्राम व पूजा-अर्चना करते हुए पवित्र छड़ी सावन पूर्णिमा (रक्षाबंधन) के अवसर पर पवित्र अमरनाथ गुफा पहुंचेगी।

    पवित्र गुफा में मुख्य पूजा-अर्चना और दर्शन के साथ ही इस वर्ष की श्री अमरनाथ यात्रा का औपचारिक समापन हो जाएगा। प्रशासन और पुलिस विभाग द्वारा छड़ी मुबारक की इस पावन यात्रा को लेकर सुरक्षा, चिकित्सा और ठहरने के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। साधु-संतों और श्रद्धालुओं में इस अंतिम यात्रा को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है।

    #AmarnathYatra #ChhariMubarak #SrinagarNews #AmarnathCave #JammuKashmir #AmarnathYatra2026 #BreakingNewsJK

  • Untitled Project - 2026-08-09T161922.425.jpg

    जम्मू: चिनाब दरिया के किनारे मिले कपड़े, चप्पल और बाइक; लापता दो युवकों की तलाश में NDRF और SDRF का सर्च ऑपरेशन जारी

    अखनूर (जम्मू), 09 अगस्त (अन्‍नू): जम्मू जिले के अखनूर उप-मण्डल अंतर्गत खौड़ इलाके में चिनाब दरिया के किनारे दो संदिग्ध परिस्थितियों में लापता युवकों के कपड़े, चप्पलें और मोटरसाइकिल मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। घटना के बाद से ही किसी अनहोनी की आशंका को देखते हुए राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) और राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की टीमों ने दरिया के तेज बहाव में बड़े पैमाने पर तलाशी व बचाव अभियान शुरू कर दिया है।

    लापता युवकों की पहचान

    लापता हुए दोनों युवकों की पहचान इस प्रकार हुई है:

    1. राकेश सिंह (उम्र: 35 वर्ष)

    2. गजे सिंह (उम्र: 30 वर्ष)

    परिजनों और स्थानीय लोगों के अनुसार, दोनों युवक शनिवार शाम से ही अचानक लापता थे। जब काफी देर तक वे घर नहीं लौटे, तो परिजनों ने उनकी खोजबीन शुरू की।

    चिनाब किनारे मिली मोटरसाइकिल और सामान

    तलाश के दौरान खौड़ क्षेत्र में चिनाब दरिया के तट पर दोनों युवकों की मोटरसाइकिल खड़ी मिली। बाइक के पास ही उनके पहने हुए कपड़े और चप्पलें भी बरामद हुईं। किनारे पर सामान मिलने के बाद युवकों के दरिया में डूबने की आशंका जताई जा रही है।

    NDRF और SDRF का रेस्क्यू ऑपरेशन

    मामले की संवेदनशीलता और चिनाब दरिया के तेज प्रवाह को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने तुरंत राहत व बचाव टीमों को मौके पर रवाना किया:

    • सर्च ऑपरेशन: NDRF और SDRF के गोताखोर व रेस्क्यू टीमें बोट्स की मदद से चिनाब दरिया और आसपास के संभावित तटवर्ती इलाकों में लगातार तलाशी ले रही हैं।

    • सुराग की तलाश: खबर लिखे जाने तक दोनों युवकों का कोई अतापता नहीं चल सका था। दरिया के किनारे परिजनों और ग्रामीणों का जमावड़ा लगा हुआ है तथा सभी की निगाहें रेस्क्यू टीमों की कोशिशों पर टिकी हैं।

    स्थानीय पुलिस ने भी घटना का संज्ञान लेकर जांच शुरू कर दी है कि दोनों युवक दरिया के पास किन परिस्थितियों में पहुंचे थे।

    #AkhnoorNews #KhourNews #ChenabRiver #NDRF #SDRF #JammuNews #DanikKhabar #SearchOperation #JammuAndKashmir

  • Untitled Project - 2026-08-09T132126.877.jpg

    जम्मू: विक्रम चौक पर स्मार्ट ई-बस क्यू शेल्टर का उद्घाटन; 'चलो ऐप' से मिलेगी लाइव ट्रैकिंग

    जम्मू, 09 अगस्त (अन्‍नू): जम्मू स्मार्ट सिटी पहल के तहत शनिवार को विक्रम चौक पर एक आधुनिक 'स्मार्ट ई-बस क्यू शेल्टर' का भव्य उद्घाटन किया गया। यह बस शेल्टर 'चलो अर्बन मोबिलिटी ऐप' से पूरी तरह एकीकृत है, जिससे यात्रियों को बसों की रियल-टाइम लोकेशन, रूट की जानकारी और अन्य स्मार्ट सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

    उद्घाटन समारोह में पूर्वी जम्मू के विधायक युद्धवीर सेठी और जम्मू नगर निगम (JMC) आयुक्त डॉ. देवांश यादव विशेष रूप से उपस्थित रहे।

    "जब तक सोच स्मार्ट नहीं होगी, जम्मू स्मार्ट सिटी नहीं बनेगा": युद्धवीर सेठी

    समारोह को संबोधित करते हुए विधायक युद्धवीर सेठी ने जन-सुविधाओं के रख-रखाव और जन-जागरूकता पर जोर दिया:

    • सरकारी संपत्ति की सुरक्षा: उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश और जम्मू को स्मार्ट बनाया जा रहा है, लेकिन यह दुखद है कि कुछ शरारती तत्व 'आई लव जम्मू' जैसे सार्वजनिक स्थलों व संरचनाओं के साथ छेड़छाड़ कर नुकसान पहुंचाते हैं।

    • सोच बदलने का आह्वान: उन्होंने नागरिकों से अपील की कि अगर शहर में अत्याधुनिक बस स्टॉप जैसी बेहतर जन-सुविधाएं मिल रही हैं, तो उनका संरक्षण करें। जब तक नागरिकों की सोच और दिल स्मार्ट नहीं होंगे, तब तक शहर पूरी तरह स्मार्ट नहीं बन सकता।

    शहर भर में बनेंगे 100+ स्मार्ट शेल्टर; CCTV से सीधे कंट्रोल रूम में लाइव निगरानी

    पत्रकारों से बातचीत करते हुए निगम आयुक्त डॉ. देवांश यादव ने भविष्य की योजनाओं और सुरक्षा इंतजामों की जानकारी दी:

    • 100 से अधिक स्मार्ट शेल्टर: शहर के विभिन्न प्रमुख स्थानों पर 100 से अधिक इसी तरह के अत्याधुनिक यात्री शेड (Bus Shelters) बनाए जा रहे हैं ताकि यात्रियों को विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर मिल सके।

    • CCTV और लाइव सर्विलांस: सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों को चेतावनी देते हुए उन्होंने बताया कि इस शेल्टर पर उच्च गुणवत्ता का CCTV कैमरा लगाया गया है। यदि कोई भी इसके साथ छेड़छाड़ या तोड़फोड़ की कोशिश करेगा, तो उसकी लाइव फुटेज सीधे नगर निगम के केंद्रीय कंट्रोल रूम में पहुंच जाएगी और सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

    #JammuNews #JammuSmartCity #ChaloApp #VikramChowk #SmartBusShelter #JMC #DanikKhabar #JammuAndKashmir

  • Untitled Project - 2026-08-09T131627.740.jpg

    जम्मू-कश्मीर: राजौरी-पुंछ हाईवे पर सुरक्षा बलों की मॉकड्रिल

    जम्मू-कश्मीर, 09 अगस्त (अन्‍नू): आगामी स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) और श्री बाबा बुड्ढा अमरनाथ जी यात्रा को शांतिपूर्ण व सुरक्षित संपन्न कराने के लिए राजौरी जिले में सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं। इसी कड़ी में शनिवार को मनजाकोट क्षेत्र से गुजरने वाले बेहद संवेदनशील राजौरी-पुंछ राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुरक्षा बलों और पुलिस के जवानों ने आतंकी हमले की स्थिति से निपटने के लिए एक संयुक्त और गहन मॉक ड्रिल (Mock Drill) आयोजित की।

    हाईवे पर बनाया गया 'आतंकी हमले' जैसा माहौल

    अभ्यास के दौरान राजौरी-पुंछ राष्ट्रीय राजमार्ग पर अचानक आतंकी हमला होने जैसी काल्पनिक स्थिति (Simulated Scenario) बनाई गई:

    • त्वरित घेराबंदी: सूचना मिलते ही जम्मू-कश्मीर पुलिस, सेना और अर्धसैनिक बलों के जवानों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर पूरे इलाके की घेराबंदी कर ली।

    • ट्रैफिक कंट्रोल व सर्च ऑपरेशन: अभ्यास के दौरान हाईवे पर यातायात को रोककर तुरंत नियंत्रित किया गया और आसपास के संवेदनशील इलाकों में सघन तलाशी अभियान (Search Operation) चलाया गया।

    अंतर-एजेंसी तालमेल और त्वरित प्रतिक्रिया की परीक्षा

    मॉकड्रिल के दौरान सुरक्षा बलों ने मुख्य रूप से निम्नलिखित आपातकालीन स्थितियों और प्रतिक्रिया समय को परखा:

    1. क्विक रिस्पॉन्स: आतंकी हमले की सूचना मिलने के बाद कम से कम समय में घटना स्थल पर पहुंचना।

    2. क्षेत्र सुरक्षा: हमलावरों को घेरकर इलाके को सुरक्षित करना और आम नागरिकों को सुरक्षित बाहर निकालना।

    3. संयुक्त कार्रवाई: विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के बीच सटीक आपसी तालमेल और रियल-टाइम कम्युनिकेशन का मूल्यांकन करना।

    सुरक्षा दृष्टि से बेहद अहम है राजौरी-पुंछ मार्ग

    राजौरी-पुंछ राष्ट्रीय राजमार्ग सुरक्षा और सामरिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण मार्ग है। आगामी स्वतंत्रता दिवस समारोहों और श्री बाबा बुड्ढा अमरनाथ यात्रा में शामिल होने वाले श्रद्धालुओं की भारी आवाजाही को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती हैं।

    सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, जिले में लगातार सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जा रही है और किसी भी अप्रिय घटना या आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।

    #RajouriNews #JammuKashmir #RajouriPoonchHighway #MockDrill #IndianArmy #JKPolice #DanikKhabar #NationalNews

  • 6.jpg

    खराब मौसम के कारण जम्मू से अमरनाथ यात्रा स्थगित; बालटाल व पहलगाम मार्ग पर यात्री रोके गए

    जे कुमार जम्मू, 9 अगस्त 2026:

    जम्मू-कश्मीर में खराब मौसम और लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते श्री अमरनाथ जी की पवित्र यात्रा को एहतियातन अस्थायी रूप से स्थगित कर दिया गया है। पहलगाम और बालटाल दोनों मार्गों पर भूस्खलन तथा फिसलन की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा के मद्देनजर यह फैसला लिया है।

    प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, जम्मू स्थित भगवती नगर आधार शिविर से किसी भी नए जत्थे को घाटी की ओर जाने की अनुमति नहीं दी गई है। इसके साथ ही, रास्ते में विभिन्न पड़ावों पर मौजूद श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों, यात्री निवासों और शिविरों में ठहराया गया है, जहां उनके लिए भोजन, पानी और चिकित्सा की पूरी व्यवस्था की गई है।

    श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड (SASB) और स्थानीय प्रशासन की टीमें लगातार मौसम के मिजाज और पवित्र गुफा को जाने वाले मार्गों की स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। अधिकारियों का कहना है कि मार्ग साफ होने और मौसम में सुधार होते ही यात्रा को दोबारा सुरक्षित तरीके से बहाल कर दिया जाएगा। प्रशासन ने सभी श्रद्धालुओं से शांति बनाए रखने और सुरक्षा दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।

    #AmarnathYatra #AmarnathYatra2026 #JammuKashmir #WeatherUpdate #AmarnathYatraPaused #BreakingNews #ShrineBoard

  • Untitled Project - 2026-08-07T152816.115.jpg

    जम्मू-कश्मीर: शोपियां के बेमनीपोरा में तेज हवाओं और भारी बारिश का कहर; सेब के बाग तहस-नहस, बागवानों ने की मुआवजे की मांग

    शोपियां (जम्मू-कश्मीर), 07 अगस्त (अन्‍नू): दक्षिण कश्मीर के शोपियां जिले के बेमनीपोरा और इसके आसपास के इलाकों में कुदरत का कहर बरपा है। अचानक आई तेज हवाओं और मूसलाधार बारिश ने सेब के बागों को भारी नुकसान पहुंचाया है। कटाई (Harvesting) के इस सबसे अहम सीजन में आए तूफान से बड़ी मात्रा में सेब टूटकर नीचे गिर गए हैं, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।

    पेड़ों की डालियां टूटीं; फसल बर्बाद होने से बागवान चिंतित

    स्थानीय बागवानों और किसानों के अनुसार:

    • फल और डालियां क्षतिग्रस्त: तेज तूफान और आंधी की वजह से सेब के पेड़ों की भारी डालियां टूट गईं। कई एकड़ में फैले बागों में तैयार सेब जमीन पर बिछ गए हैं।

    • मार्केट में दाम गिरने का डर: बाग मालिकों ने गहरी चिंता जताते हुए कहा है कि तूफान और बारिश के कारण प्रभावित हुए सेबों की क्वालिटी खराब हो गई है, जिससे मंडियों में अब उनके सही दाम नहीं मिलेंगे।

    किसानों ने सरकार व प्रशासन से लगाई मुआवजे की गुजारिश

    कटाई के ऐन वक्त पर आई इस प्राकृतिक आपदा से किसान पूरी तरह टूट चुके हैं:

    • बागवानों का कहना है कि यह समय उनकी पूरे साल की मेहनत का फल समेटने का था, लेकिन अचानक बदले मौसम ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।

    • बेमनीपोरा व आसपास के प्रभावित बागवानों ने संबंधित प्रशासन, उद्यान विभाग (Horticulture Department) और जम्मू-कश्मीर सरकार से जल्द से जल्द प्रभावित क्षेत्रों में जाकर नुकसान का सर्वे (Girdawari/Assessment) कराने की अपील की है।

    • उन्होंने मांग की है कि इस वित्तीय संकट से उबरने के लिए उन्हें उचित मुआवजा और आर्थिक मदद तुरंत दी जाए।

    #ShopianNews #JammuAndKashmir #HorticultureDamage #AppleOrchards #ShopianRain #KashmirFarmers #DanikKhabar

  • Untitled Project - 2026-08-05T132249.692.jpg

    ऊधमपुर: चनैनी-टंडार मार्ग पर भारी भूस्खलन; सड़क बहने से यातायात पूरी तरह ठप्प, पैदल चलने को मजबूर लोग

    चनैनी/ऊधमपुर, 05 अगस्त (अन्‍नू): जम्मू-कश्मीर के ऊधमपुर जिले में चनैनी-टंडार रोड पर हुए भीषण भूस्खलन के चलते सड़क मार्ग बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। पहाड़ी से अचानक गिरे मलबे और पत्थरों के कारण सड़क का एक बड़ा हिस्सा टूट गया, जिससे इस व्यस्त मार्ग पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से ठप्प हो गई है।

    यातायात ठप्प, ग्रामीणों की बढ़ीं मुश्किलें

    सड़क अवरुद्ध होने के कारण इस मार्ग पर चलने वाले छोटे-बड़े वाहनों के पहिए थम गए हैं। आवाजाही बंद होने से स्थानीय ग्रामीणों, दैनिक यात्रियों और स्कूली बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

    • पैदल यात्रा को मजबूर: बस व टैक्सी सेवा बंद होने के चलते लोगों को अपने गंतव्य (Destinations) तक पहुंचने के लिए मीलों लंबा सफर पैदल ही तय करना पड़ रहा है।

    • सप्लाई प्रभावित: मार्ग बंद होने से आसपास के ग्रामीण इलाकों में जरूरी सामान और दैनिक वस्तुओं की आपूर्ति पर भी असर पड़ने की आशंका बन गई है।

    स्थानीय लोगों ने प्रशासन से लगाई गुहार

    घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने मामले की सूचना जिला प्रशासन और संबंधित निर्माण विभाग को दी।

    • सड़क बहाली की मांग: क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि भारी मशीनरी और जेसीबी (JCB) लगाकर सड़क से तुरंत मलबा हटाया जाए और क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत की जाए।

    • राहत की अपील: लोगों का कहना है कि जब तक मुख्य मार्ग पूरी तरह बहाल नहीं होता, तब तक वैकल्पिक रास्ते या आपातकालीन पैदल मार्ग की सुगम व्यवस्था की जाए ताकि बुजुर्गों और मरीजों को दिक्कत न हो।

    #JammuKashmirNews #ChenaniNews #UdhampurLandslide #ChenaniTandarRoad #J&KTrafficUpdate #LandslideAlert #DanikKhabar

  • 5.jpg

    जम्मू-कश्मीर में सुरक्षाबलों का एक्शन: पूंछ में सघन तलाशी अभियान, कठुआ में मिला जिंदा मोर्टार शैल

    जे कुमार जम्मू/कठुआ, 5 अगस्त 2026 : जम्मू-कश्मीर के सीमावर्ती जिलों में आतंकवाद विरोधी अभियान और सुरक्षा समीक्षा के तहत सुरक्षाबलों ने अपनी चौकसी बढ़ा दी है। इसी कड़ी में पूंछ जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सुरक्षाबलों द्वारा व्यापक संयुक्त तलाशी अभियान (CASO) चलाया गया, जबकि कठुआ जिले में एक जिंदा मोर्टार शैल मिलने से सनसनी फैल गई।

    मिली जानकारी के अनुसार, पूंछ के संदिग्ध और दुर्गम इलाकों में आतंकवादियों की मौजूदगी की खुफिया इनपुट के बाद भारतीय सेना और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने संयुक्त रूप से कॉर्डन एंड सर्च ऑपरेशन शुरू किया। इस दौरान जंगलों और संदिग्ध ठिकानों की बारीकी से जांच की जा रही है।

    वहीं, कठुआ जिले में स्थानीय निवासियों ने एक खेत के पास संदिग्ध वस्तु देखी, जिसकी सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस और बम निरोधक दस्ते (BDDS) ने पुष्टि की कि वह एक पुराना और जिंदा मोर्टार शैल था। सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए बम निरोधक दस्ते ने मोर्टार शैल को सुरक्षित स्थान पर ले जाकर सफलतापूर्वक निष्क्रिय कर दिया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। आगामी त्योहारों और राष्ट्रीय दिवसों को देखते हुए पूरे इलाके में सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं।

    #JammuKashmir #Poonch #Kathua #IndianArmy #JKPolice #SearchOperation #SecurityAlert #BreakingNewsJK

  • image001Z5VQ.jpg

    उझ बहुउद्देशीय परियोजना (MPP): कठुआ में विकास और जल सुरक्षा को मिलेगी नई रफ्तार

    आरएस अनेजा, 3 अगस्त नई दिल्ली - केन्द्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने जम्मू एवं कश्मीर के कठुआ जिले में उझ बहुउद्देशीय परियोजना (एमपीपी) की स्थिति और इसके चरणबद्ध कार्यान्वयन से संबंधित रोडमैप की समीक्षा की।

    केन्द्रीय मंत्री ने वैपकॉस लिमिटेड के अधिकारियों के साथ एक विस्तृत बैठक की। वैपकॉस लिमिटेड जलशक्ति मंत्रालय के तहत भारत सरकार का एक उपक्रम है, जिसे इस परियोजना के कार्यान्वयन की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

    डॉ. जितेंद्र सिंह ने रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण इस परियोजना को तेजी से लागू करने पर  जोर दिया ताकि इसके लाभ जल्द से जल्द लोगों तक पहुंच सकें। उन्होंने वैपकॉस को सलाह दी कि वे गुणवत्ता, सुरक्षा और दक्षता के उच्चतम मानकों को बनाए रखते हुए नए समाधानों तथा इसके कार्यान्वयन की बेहतर रणनीतियां ढूढ़ें।

    केन्द्रीय मंत्री को बताया गया कि यह परियोजना विभिन्न चरणों में पूरी की जाएगी। भूमि के अधिग्रहण की पूरी प्रक्रिया के संपन्न होने की प्रतीक्षा किए बिना ही काम शुरू कर दिया जाएगा, जबकि बाकी भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया भी साथ-साथ चलती रहेगी। कार्यान्वयन करने वाली एजेंसी परियोजना स्थल और उससे संबंधित जरूरतों पर भी काम कर रही है।

    डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में, लंबे समय से अटकी हुई विभिन्न राष्ट्रीय परियोजनाओं को नई तेजी के साथ आगे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि लगभग एक सदी पहले परिकल्पित की गई उझ बहुउद्देशीय परियोजना पर दशकों तक कोई काम नहीं हुआ, जबकि शाहपुरकंडी परियोजना भी करीब चार दशकों से अटकी हुई थी। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं के कार्यान्वयन में हुई देरी के कारण रावी और उसकी सहायक नदियों का पानी बहकर पाकिस्तान में जाता रहा।

    केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि जब सिंधु जल संधि लागू थी, तब भी संधि के तहत रावी, सतलज और ब्यास भारत की तीन नदियां थीं, जिनमें रावी मुख्य नदी थी। उन्होंने बताया कि यह संधि अभी स्थगित है।

    डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि 2019 में शाहपुरकंडी परियोजना को फिर से शुरू करना (जो अब लगभग पूरा हो चुका है) और 2026 में उझ बहुउद्देशीय परियोजना को फिर से शुरू करना, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सरकार के उस संकल्प को दर्शाता है जिसके तहत लंबे समय से अटकी परियोजनाओं को पूरा करना, भारत के जल संसाधनों का बेहतर सदुपयोग  करना और लोगों को ठोस लाभ पहुंचाना है।

    रावी नदी की मुख्य सहायक नदी, उझ नदी पर बनने वाली उझ बहुउद्देशीय परियोजना को लगभग 186 मेगावाट से 212 मेगावाट बिजली पैदा करने हेतु डिजाइन किया गया है। इससे जम्मू एवं कश्मीर के कठुआ एवं सांबा जिलों तथा पंजाब के पठानकोट एवं गुरदासपुर जिलों में लगभग 90,000 हेक्टेयर कृषि भूमि की सिंचाई होने की उम्मीद है। यह परियोजना कठुआ जिले को पेयजल और उद्योगों के लिए पानी भी उपलब्ध कराएगी।

    इस परियोजना से खेती की उत्पादकता बढ़ने, जल सुरक्षा बेहतर होने, आर्थिक विकास के नए अवसर सृजित होने और इस केन्द्र-शासित प्रदेश की कुल सामाजिक-आर्थिक प्रगति में योगदान मिलने की उम्मीद है। सुरक्षा और सीमा-प्रबंधन के दृष्टिकोण से भी इसका एक अहम पहलू है। गृह मंत्रालय इस परियोजना का इसलिए समर्थन कर रहा है ताकि पानी के अनियंत्रित बहाव को रोका जा सके और नदी से होकर सीमा पार से घुसपैठ के संवेदनशील रास्तों को बंद किया जा सके।

    डॉ. जितेंद्र सिंह ने कार्यान्वयन से संबंधित विभिन्न उपलब्धियों की विस्तार से समीक्षा की और सभी हितधारकों के बीच बेहतर तालमेल और समय पर काम पूरा करने हेतु प्रभावी निगरानी की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने इस अहम परियोजना को सफलतापूर्वक कार्यान्वित और समय पर पूरा करने हेतु वैपकॉस को सरकार की ओर से पूरा समर्थन एवं सहयोग देने का भरोसा दिलाया। 

  • Untitled Project - 2026-08-02T150616.650.jpg

    सेंट्रल कश्मीर: गंदेरबल के सफापोरा में बादल फटने से तबाही; अलास्टेंग में रिहायशी इलाके जलमग्न, कई घरों में घुसा बाढ़ का पानी

    जम्मू-कश्मीर, 02 अगस्त (अन्‍नू): रविवार को सेंट्रल कश्मीर के गंदेरबल जिले में भारी बारिश और बादल फटने की घटना से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। जिले के सफापोरा इलाके में अचानक बादल फटने के बाद आई फ्लैश फ्लड (Flash Flood) ने भीषण तबाही मचाई, वहीं अलास्टेंग बुसेरबुघ के निचले रिहायशी इलाकों में गंभीर जलभराव से स्थानीय लोगों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ा है।

    सफापोरा की कॉलोनियों में घुसा पानी, लोगों में मची अफरा-तफरी

    अधिकारियों और स्थानीय निवासियों से मिली जानकारी के अनुसार:

    • प्रभावित इलाके: सफापोरा की कोहिस्तान कॉलोनी, गुलाब शेख कॉलोनी और बख्शी मोहल्ला बाढ़ से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं।

    • घरों में भरा पानी: मूसलाधार बारिश के बाद आए सैलाब का पानी सीधे लोगों के घरों में घुस गया। अचानक बढे पानी के जलस्तर को देखकर इलाकों में घबराहट और अफरा-तफरी फैल गई, जिसके चलते लोगों को जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर भागना पड़ा।

    • संपत्ति का भारी नुकसान: बाढ़ के पानी से घरों में रखा कीमती सामान, फर्नीचर और राशन पूरी तरह बर्बाद हो गया है।

    अलास्टेंग में जलभराव, प्रशासन और ड्रेनेज सिस्टम पर उठे सवाल

    लगातार हो रही बारिश के कारण अलास्टेंग बुसेरबुघ के निचले इलाकों में पानी जमा हो गया है, जिससे कई मकान पानी में डूब गए हैं:

    • बार-बार जलभराव का आरोप: स्थानीय निवासियों ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि हाल के दिनों में ऐसी घटनाएं बार-बार हो रही हैं, लेकिन संबंधित विभागों ने स्थिति से निपटने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए।

    • पक्के इंतजामों की मांग: प्रभावित लोगों ने प्रशासन से जल निकासी (Drainage Infrastructure) को तुरंत दुरुस्त करने और भविष्य में बाढ़ व जलभराव से बचाव के लिए पक्के इंतजाम लागू करने की गुहार लगाई है।

    #GanderbalNews #JammuKashmir #Cloudburst #Safapora #FlashFloods #KashmirRain #DanikKhabar

  • 9.jpg

    अमरनाथ यात्रा: बालटाल मार्ग से श्रद्धालुओं का आवागमन फिर शुरू; प्रशासन ने दी हरी झंडी

    जे कुमार श्रीनगर, 2 अगस्त 2026: अमरनाथ जी की पवित्र यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। खराब मौसम और मार्ग पर भूस्खलन के कारण एहतियातन रोकी गई बालटाल मार्ग से अमरनाथ यात्रा को प्रशासन ने पुनः बहाल कर दिया है। मौसम साफ होने और मार्ग की मरम्मत का कार्य पूरा होने के बाद पवित्र गुफा की ओर श्रद्धालुओं के जत्थों को रवाना कर दिया गया है।

    मौसम में सुधार के बाद लिया गया फैसला

    पिछले कुछ दिनों से बालटाल और पहलगाम दोनों मार्गों पर रुक-रुक कर हो रही भारी बारिश के कारण सुरक्षा के दृष्टिगत यात्रा रोक दी गई थी। बालटाल मार्ग पर संवेदनशील स्थानों से मलबे को साफ कर ट्रैक को सुरक्षित घोषित किए जाने के बाद, अमरनाथ श्राइन बोर्ड और स्थानीय प्रशासन ने यात्रा दोबारा शुरू करने की अनुमति दी।

    श्रद्धालुओं में उत्साह, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

    यात्रा फिर से शुरू होने की खबर मिलते ही बालटाल बेस कैंप में ठहरे हजारों श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखा गया। 'बम-बम भोले' और 'जय बाबा बर्फानी' के जयकारों के साथ श्रद्धालुओं का नया जत्था पवित्र गुफा के दर्शन के लिए रवाना हुआ। पुलिस, सीआरपीएफ (CRPF) और सेना के जवान पूरे ट्रैक पर मुस्तैद हैं और श्रद्धालुओं की सुरक्षा व सुविधा का विशेष ध्यान रखा जा रहा है।

    प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे मौसम के पूर्वानुमान और अधिकारियों द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों (Advisories) का पालन करते हुए ही आगे बढ़ें।

    #AmarnathYatra #BaltalRoute #BabaBarfani #AmarnathYatraUpdates #JammuKashmir #BreakingNews

  • 9.jpg

    अमरनाथ यात्रा: खराब मौसम के चलते बालटाल रूट पर यात्रा रोकी गई; बालटाल बेस कैंप में रोके गए श्रद्धालु

    जे कुमार श्रीनगर, 1 अगस्त 2026: पवित्र अमरनाथ गुफा की यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। बालटाल मार्ग पर मौसम के अचानक मिजाज बदलने और भारी बारिश के कारण सुरक्षा के दृष्टिकोण से अमरनाथ यात्रा को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, बालटाल रूट पर लगातार हो रही बारिश और भूस्खलन (Landslide) के खतरे को देखते हुए प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए यह कदम उठाया है। जो कांवड़िये और श्रद्धालु बालटाल बेस कैंप पहुँच चुके थे, उन्हें वहीं सुरक्षित स्थानों पर ठहराया गया है। मार्ग साफ होने और मौसम में सुधार के बाद ही यात्रियों को आगे बढ़ने की अनुमति दी जाएगी।

    अमरनाथ श्राइन बोर्ड (SASB) और स्थानीय प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। आपदा प्रबंधन टीम और पुलिस बल को संवेदनशील इलाकों में तैनात कर दिया गया है। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से पैनिक न होने और अधिकारियों द्वारा समय-समय पर जारी की जा रही एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है।

    #AmarnathYatra2026 #BaltalRoute #AmarnathUpdate #JammuKashmir #WeatherUpdate #BreakingNews #ShrineBoard

  • 6.jpg

    जम्मू: साम्बा और कठुआ में संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन दिखने से हड़कंप; सुरक्षा बलों ने शुरू किया सर्च ऑपरेशन

    जे कुमार जम्मू, 26 जुलाई 2026: जम्मू-कश्मीर के अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) से सटे साम्बा और कठुआ जिलों के सीमावर्ती इलाकों में बीती रात संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन की आवाजाही देखे जाने के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। सुरक्षा एजेंसियों और सीमा सुरक्षा बल (BSF) को हाई अलर्ट पर रखा गया है और पुलिस बल के साथ मिलकर व्यापक तलाशी अभियान (Search Operation) चलाया जा रहा है।

    स्थानीय निवासियों और सुरक्षा बलों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, देर रात साम्बा और कठुआ के अग्रिम इलाकों में आसमान में झिलमिलाती लाइटों के साथ एक उड़ती हुई वस्तु देखी गई, जिसकी आवाज ड्रोन जैसी थी। संदिग्ध गतिविधि की आहट मिलते ही सीमा पर तैनात बीएसएफ के जवानों ने तुरंत प्रतिक्रिया दी और ड्रोन को गिराने के लिए दिशा में फायरिंग भी की, जिसके बाद वह वापस सीमा पार की ओर लौट गया।

    सुरक्षा बलों को आशंका है कि पाकिस्तान की तरफ से हथियारों, नशीले पदार्थों (ड्रग्स) या विस्फोटक सामग्री की एयरड्रॉपिंग (ड्रॉपिंग) की कोशिश की गई हो सकती है। इसी के मद्देनजर कठुआ और साम्बा के जंगल व मैदानी इलाकों में गहन सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है ताकि किसी भी संदिग्ध सामग्री को बरामद किया जा सके।

    #JammuNews #SambaNews #KathuaNews #JammuAndKashmir #BSF #DroneSpotted #IndianArmy #BreakingNewsJammu

  • Untitled Project - 2026-07-25T141504.374.jpg

    ईडी की नार्को-टेरर फंडिंग पर बड़ी कार्रवाई: पंजाब और जम्मू-कश्मीर में 9 ठिकानों पर छापेमारी; कई दस्तावेज जब्त, ₹49.9 लाख फ्रीज

    नई दिल्ली/श्रीनगर, 25 जुलाई (अन्‍नू): प्रवर्तन निदेशालय (ED), जम्मू उप-आंचलिक कार्यालय ने नार्को-टेरर फंडिंग और धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत पंजाब और जम्मू-कश्मीर (नियंत्रण रेखा के पास) के 09 ठिकानों पर व्यापक तलाशी अभियान चलाया है। यह कार्रवाई जम्मू-कश्मीर पुलिस और पंजाब पुलिस द्वारा दर्ज मामलों के आधार पर की गई है।

    पाकिस्तान, हिजबुल मुजाहिदीन और पंजाब के बीच फैला नेटवर्क

    ईडी की जांच में पंजाब और जम्मू-कश्मीर के बीच चल रहे एक सुव्यवस्थित और बहु-स्तरीय नार्को-टेरर फंडिंग नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है:

    • मुख्य हैंडलर व संचालक: पंजाब स्थित हैंडलर सतनाम सिंह और मंजीत सिंह उर्फ मान तथा कुपवाड़ा (एलओसी के पास) स्थित संचालक सफीर अहमद और कफील अहमद इस नेटवर्क को चला रहे थे।

    • पाकिस्तानी कनेक्शन: हेरोइन की खेप पाकिस्तान से वहां मौजूद हैंडलरों के जरिए भारत में तस्करी कर लाई जाती थी, जो आतंकवादी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़े थे।

    ट्रक के टायर में छिपाकर होती थी हेरोइन की सप्लाई

    जांच में सामने आया कि एलओसी से सटे अमरोही सीमा के माध्यम से हेरोइन की तस्करी की जाती थी:

    • एक मामले में 35 पैकेट हेरोइन बरामद की गई, जिनमें से 5 पैकेट स्थानीय स्तर पर बांटे गए और 30 पैकेट श्रीनगर ले जाने के लिए एक ट्रक के टायर में छिपाए गए थे।

    • यह खेप श्रीनगर में पंजाब स्थित वाहक सरबजीत सिंह और हनी बसरा को पहुंचाई गई थी। बाद में सितंबर 2023 में बनिहाल में सरबजीत सिंह और हनी बसरा को 31 किलोग्राम हेरोइन (30 पैकेट) के साथ गिरफ्तार किया गया था।

    • इस नेटवर्क द्वारा कुल मिलाकर 60 किलोग्राम से अधिक हेरोइन इकट्ठा कर पंजाब में बेची गई और उससे प्राप्त रकम का उपयोग आतंकी गतिविधियों के वित्तपोषण (Terror Funding) के लिए किया गया।

    जाली दस्तावेज, फर्जी कागजात और वित्तीय लेनदेन का खुलासा

    सतनाम सिंह और मंजीत सिंह उर्फ मान के नेतृत्व वाले पंजाब-साइड नेटवर्क ने नशीले पदार्थों के परिवहन के लिए जाली दस्तावेजों, फर्जी वाहन कागजात, वाहनों में बनी गुप्त गुहाओं (Hidden Cavities) और नकद लेनदेन का इस्तेमाल किया।

    ईडी की जांच में मंजीत सिंह और सरबजीत सिंह के बैंक खातों में भारी मात्रा में नकद जमा (High-Value Cash Deposits) कराने के सबूत मिले हैं।

    दस्तावेज जब्त, ₹49.9 लाख की राशि वाले बैंक खाते फ्रीज

    छापेमारी के दौरान ईडी ने कई अपराध-संकेती दस्तावेज और बैंक खाता रिकॉर्ड जब्त किए हैं। इसके अलावा, जांच एजेंसी ने कई संदिग्ध बैंक खातों को फ्रीज कर दिया है, जिनमें कुल मिलाकर ₹49.9 लाख की राशि जमा है। मामले में आगे की जांच जारी है।

    #EDRaid #NarcoTerror #PMLA #TerrorFunding #PunjabNews #JammuKashmir #BreakingNews #DanikKhabar

  • 4.jpg

    जम्मू-कश्मीर: अमरनाथ यात्रा ड्यूटी पर तैनात पुलिस टीम पर आतंकी हमला, हेड कॉन्स्टेबल शहीद

    जे कुमार जम्मू/श्रीनगर, 23 जुलाई 2026: जम्मू-कश्मीर में अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा में तैनात पुलिस टीम को निशाना बनाकर किए गए एक कायरतापूर्ण हमले में पुलिस के एक हेड कॉन्स्टेबल शहीद हो गए। यह घटना तब हुई जब सुरक्षा बल यात्रा मार्ग की सुरक्षा और गश्त (Patrolling) पर तैनात थे। अचानक घात लगाकर बैठे आतंकवादियों ने पुलिस टीम पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी।

    अधिकारियों के अनुसार, गोलियों की आवाज सुनते ही सुरक्षा बलों ने तुरंत मोर्चा संभाला और जवाबी कार्रवाई की। हालांकि, इस भीषण मुठभेड़ के दौरान पुलिस हेड कॉन्स्टेबल को गंभीर रूप से गोलियां लग गईं। उन्हें तुरंत नजदीकी सैन्य अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शहीद जवान की पहचान सुरक्षा कारणों और विभागीय प्रक्रियाओं के पूरा होने तक पुलिस रिकॉर्ड के तहत दर्ज की जा रही है।

    घटना के तुरंत बाद राष्ट्रीय राइफल्स (RR), सीआरपीएफ (CRPF) और जम्मू-कश्मीर पुलिस के विशेष कमांडो दस्ते ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर ली है। हमलावर आतंकवादियों को पकड़ने के लिए इलाके में व्यापक सर्च ऑपरेशन (Search Operation) चलाया जा रहा है। यात्रा मार्ग पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है और हर नाके पर वाहनों व संदिग्धों की गहन चेकिंग की जा रही है।

    #JammuKashmir #AmarnathYatra #JKPolice #TerrorAttack #Martyr #JammuNews #SrinagarNews #BreakingNews

  • 2.jpg

    जम्मू-कश्मीर: भूस्खलन और खराब मौसम के चलते लगातार चौथे दिन भी अमरनाथ और माता वैष्णो देवी यात्रा स्थगित

    जे कुमार श्रीनगर/जम्मू, 23 जुलाई 2026: जम्मू-कश्मीर में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश और भूस्खलन (Landslides) के कारण प्रसिद्ध श्री अमरनाथ जी यात्रा और माता वैष्णो देवी यात्रा लगातार चौथे दिन भी स्थगित रही। जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-44) पर कई स्थानों पर पहाड़ का मलबा आ जाने के कारण यातायात पूरी तरह ठप हो गया है, जिससे हजारों श्रद्धालु बीच रास्ते और बेस कैंपों में फंसे हुए हैं।

    प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, बालटाल और पहलगाम दोनों मार्गों पर लगातार पत्थर गिरने (Shooting Stones) और फिसलन के कारण तीर्थयात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यात्रा को फिलहाल रोक दिया गया है। वहीं, कटरा में माता वैष्णो देवी भवन मार्ग पर भी नए ट्रैक पर भूस्खलन के खतरे को देखते हुए यात्रा रोकी गई है।

    जम्मू के भगवती नगर बेस कैंप में सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता की गई है और श्रद्धालुओं के ठहरने व खाने-पीने के लिए प्रशासन द्वारा पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि मौसम साफ होने और हाईवे से मलबा हटाए जाने के बाद ही यात्रा को दोबारा शुरू करने की अनुमति दी जाएगी। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे मौसम और यात्रा से जुड़ी आधिकारिक जानकारी प्राप्त करने के बाद ही अपनी आगे की यात्रा की योजना बनाएं।

    #AmarnathYatra #VaishnoDeviYatra #JammuKashmir #WeatherUpdate #NH44 #JammuNews #SrinagarNews #BreakingNews

  • 3.jpg

    वैष्णो देवी धाम मार्ग पर अश्लील हरकत से हड़कंप: पुलिस ने 2 आरोपियों को लिया हिरासत में

    जे कुमार जम्मू, 20 जुलाई 2026: प्रसिद्ध धार्मिक स्थल माता वैष्णो देवी भवन मार्ग के समीप अश्लील और अमर्यादित हरकत करने का एक आपत्तिजनक मामला सामने आया है। पवित्र यात्रा मार्ग की मर्यादा को तार-तार करने वाली इस घटना से श्रद्धालुओं में भारी आक्रोश फैल गया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जम्मू-कश्मीर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस कृत्य में शामिल 2 आरोपियों को हिरासत में ले लिया है।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, कटरा से भवन की ओर जाने वाले यात्रा मार्ग के पास दो युवकों द्वारा सार्वजनिक रूप से अश्लील हरकतें करने और माहौल खराब करने की शिकायत पुलिस को मिली थी। मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं ने इस अभद्र व्यवहार पर कड़ा एतराज जताया और तुरंत ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को सूचित किया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर दोनों युवकों को काबू कर लिया और हिरासत में ले लिया।

    पुलिस अधिकारियों के अनुसार, दोनों आरोपियों के खिलाफ सार्वजनिक स्थान पर अश्लील हरकत करने और धार्मिक स्थल की गरिमा व शांति भंग करने की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस दोनों से गहन पूछताछ कर रही है कि वे किस मंशा से वहां मौजूद थे। जम्मू-कश्मीर पुलिस और श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यात्रा मार्ग और कटरा क्षेत्र में किसी भी प्रकार का असामाजिक व्यवहार या धार्मिक मर्यादा का उल्लंघन कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

    #JammuNews #VaishnoDevi #Katra #JammuPolice #VaishnoDeviYatra #LawAndOrder #ShrineBoard #BreakingNewsJammu

  • 2.jpg

    सांबा में संदिग्ध ड्रोन मिलने से सुरक्षा बलों में हड़कंप; जांच में निकला चीनी खिलौना

    जे कुमार सांबा (जम्मू-कश्मीर), 20 जुलाई 2026: अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे जम्मू-कश्मीर के सांबा जिले में सोमवार सुबह उस समय सुरक्षा एजेंसियों और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया, जब एक खेत में संदिग्ध ड्रोन जैसी वस्तु पड़ी मिलने की सूचना मिली। सीमा पार से पाकिस्तान द्वारा अक्सर ड्रोन के जरिए हथियार और नशीले पदार्थों की तस्करी की कोशिशों को देखते हुए सुरक्षा बलों ने तुरंत पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी। हालांकि, गहन जांच और फॉरेंसिक पड़ताल के बाद प्रशासन ने राहत की सांस ली, क्योंकि वह संदिग्ध वस्तु कोई जासूसी ड्रोन नहीं बल्कि एक चीनी खिलौना (Toy Drone) निकला।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, सांबा के एक सीमावर्ती गांव में स्थानीय ग्रामीणों ने खेत में प्लास्टिक जैसी सामग्री का एक छोटा उड़ने वाला यंत्र पड़ा देखा। ग्रामीणों ने किसी अनहोनी या विस्फोटक उपकरण की आशंका के चलते तुरंत इसकी जानकारी स्थानीय पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस, सेना और बम निरोधक दस्ते (Bomb Disposal Squad) की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची और सुरक्षा के लिहाज से आसपास के इलाके को सील कर दिया गया।

    सुरक्षा बलों ने पूरी सावधानी बरतते हुए जब उक्त उपकरण की तकनीकी जांच की, तो पता चला कि यह कोई दुश्मन का जासूसी या विस्फोटक ले जाने वाला सैन्य ड्रोन नहीं है, बल्कि बच्चों द्वारा उड़ाया जाने वाला एक सामान्य चीनी टॉय ड्रोन है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि संभवतः यह किसी स्थानीय बच्चे का रिमोट कंट्रोल खिलौना है, जो उड़ते समय अनियंत्रित होकर खेत में गिर गया था। जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने स्थिति सामान्य घोषित की और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की।

    #SambaNews #JammuKashmir Police #BorderAlert #SambaPolice #DroneAlert #ToyDrone #BreakingNewsJammu

  • Untitled Project - 2026-07-19T122133.323.jpg

    अमरनाथ यात्रा: खराब मौसम के चलते पहलगाम और बालटाल दोनों रास्तों से यात्रा आज से अस्थायी रूप से रोकी गई

    श्रीनगर, 19 जुलाई (अन्‍नू): जम्मू-कश्मीर में पवित्र श्री अमरनाथ जी की यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक बड़ी और महत्वपूर्ण खबर आई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा आने वाले दिनों में खराब मौसम के पुख्ता पूर्वानुमान को देखते हुए प्रशासन ने आज (रविवार, 19 जुलाई) से अमरनाथ यात्रा को दोनों ही रास्तों—पहलगाम और बालटाल—से अस्थायी रूप से रोकने का बड़ा फैसला लिया है। अधिकारियों ने शनिवार को आधिकारिक बयान जारी कर इस निर्णय की जानकारी साझा की।

    तीर्थयात्रियों की सुरक्षा के लिए एहतियातन लिया गया फैसला

    प्रशासन द्वारा जारी एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, यह कदम पूरी तरह से बाबा बर्फानी के दर्शनों के लिए आ रहे देश-विदेश के तीर्थयात्रियों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और भलाई को सुनिश्चित करने के लिए एहतियात के तौर पर उठाया गया है।

    बयान में स्पष्ट रूप से कहा गया, "अगले कुछ दिनों में मौसम की गंभीर और खराब स्थिति के अनुमान को ध्यान में रखते हुए, अमरनाथ यात्रा 19 जुलाई, 2026 से पहलगाम और बालटाल दोनों ट्रैकों से कुछ समय के लिए स्थगित की जा रही है।"

    बेस कैंपों पर रोके जाएंगे श्रद्धालु: कमिश्नर अंशुल गर्ग

    कश्मीर के डिविजनल कमिश्नर अंशुल गर्ग ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया कि रविवार सुबह से ही बालटाल और नुनवान/चंदनवाड़ी बेस कैंपों से किसी भी तीर्थयात्री या जत्थे को आगे (पवित्र गुफा की ओर) जाने की बिल्कुल भी इजाजत नहीं दी जाएगी।

    प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मौसम विभाग से हरी झंडी मिलने, ट्रैक की स्थिति की पूरी बारीकी से जांच करने और रास्ते पूरी तरह सुरक्षित होने की पुष्टि के बाद ही यात्रा को दोबारा बहाल किया जाएगा। यात्रा फिर से कब शुरू होगी, इसकी आधिकारिक और सटीक जानकारी समय पर मीडिया और डिजिटल माध्यमों से जारी कर दी जाएगी।

    अब तक 3.70 लाख से अधिक भक्तों ने टेका मत्था

    अधिकारियों ने यात्रा के आधिकारिक आंकड़े साझा करते हुए बताया कि इस वर्ष की अमरनाथ यात्रा शुरू होने के बाद से अब तक का सफर बेहद शानदार रहा है। अब तक 3.70 लाख से ज्यादा श्रद्धालु और शिवभक्त पवित्र गुफा मंदिर में पहुंचकर बाबा बर्फानी के सफल दर्शन कर चुके हैं और सुख-समृद्धि की कामना कर चुके हैं। प्रशासन ने बेस कैंपों पर मौजूद सभी श्रद्धालुओं से धैर्य बनाए रखने और मौसम साफ होने तक सरकारी दिशानिर्देशों का पालन करने की अपील की है।

    #AmarnathYatra2026 #DanikKhabar #AmarnathYatraSuspended #WeatherAlert #IMDPrediction #PahalgamRoute #BaltalRoute #KashmirNews #BabaBarfani #BreakingNews

  • Untitled Project - 2026-07-18T135522.709.jpg

    जम्मू-कश्मीर में नशा तस्करों पर एलजी मनोज सिन्हा का बड़ा एक्शन: कुख्यात तस्कर शरीफ हुसैन की अवैध आलीशान इमारत जमींदोज

    जम्मू, 18 जुलाई (अन्‍नू): जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश (UT) को नशामुक्त बनाने के लिए उपराज्यपाल (LG) मनोज सिन्हा द्वारा चलाए जा रहे '100 दिवसीय नशा मुक्ति जम्मू-कश्मीर अभियान' के तहत आज पुलिस और प्रशासन ने मिलकर एक बहुत बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। आतंकवाद के बाद राज्य के सबसे बड़े खतरे यानी 'नशे' के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाते हुए शनिवार (18 जुलाई) सुबह जम्मू पुलिस और सिविल प्रशासन की संयुक्त टीम ने एक कुख्यात ड्रग तस्कर की अवैध कमाई से खड़ी की गई आलीशान इमारत को मलबे में तब्दील कर दिया।

    सुबह 6 बजे भारी पुलिस बल के साथ पहुंची संयुक्त टीम

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, आज सुबह लगभग 6 बजे सिविल प्रशासन और जम्मू पुलिस की एक संयुक्त टीम भारी पुलिस बल के साथ जम्मू के जावेद नगर (करनाल चक) इलाके में पहुंची। टीम का मुख्य मकसद इलाके के एक कुख्यात और आदतन ड्रग तस्कर शरीफ हुसैन उर्फ ​​बच्चू (पुत्र लाल हुसैन, निवासी अल्खा कुल्लाह मढ़, दोमाना; वर्तमान पता: निक्की तवी, जावेद नगर, करनाल चक, जम्मू) द्वारा नशे के काले कारोबार से अवैध रूप से अर्जित की गई संपत्ति को ढहाने की कार्रवाई शुरू करना था। टीम ने मौके पर पहुंचते ही जेसीबी (JCB) मशीनों की मदद से तस्कर की आलीशान इमारत को गिराने का काम शुरू कर दिया।

    कई मुकदमों में नामजद और आदतन अपराधी है शरीफ हुसैन

    प्रशासनिक अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी शरीफ हुसैन उर्फ बच्चू एक बेहद शातिर और आदतन अपराधी है, जो पिछले लंबे समय से जम्मू संभाग में सक्रिय था। उसे हाल ही में जम्मू के नवाबाद पुलिस स्टेशन की टीम ने एनडीपीएस (NDPS) एक्ट की धारा 8/21/22 के तहत दर्ज एफआईआर संख्या 83/2026 में गिरफ्तार किया था। आरोपी के खिलाफ पहले भी एनडीपीएस एक्ट के तहत बार-बार अपराध करने सहित कई अन्य आपराधिक मामले दर्ज हैं।

    कल ₹38 लाख की चल संपत्ति हुई थी फ्रीज, आज मकान जमींदोज

    नशा तस्करों की आर्थिक कमर तोड़ने के लिए प्रशासन हर स्तर पर सख्त कदम उठा रहा है। गौरतलब है कि आज आलीशान मकान को जमींदोज करने से ठीक एक दिन पहले ही जम्मू-कश्मीर पुलिस ने इस कुख्यात आरोपी शरीफ हुसैन उर्फ बच्चू के खिलाफ बड़ी वित्तीय कार्रवाई की थी। पुलिस ने आरोपी की करीब ₹38 लाख रुपये मूल्य की चल संपत्ति (बैंक खातों और अन्य संपत्तियों) को फ्रीज/जब्त कर लिया था और आज उसके अवैध आशियाने को भी मिट्टी में मिला दिया गया।

    एलजी मनोज सिन्हा की दोटूक: "कोई भी नशा तस्कर बचना नहीं चाहिए"

    उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने स्पष्ट शब्दों में निर्देश दे रखे हैं कि जम्मू-कश्मीर में युवाओं की जिंदगी से खिलवाड़ करने वाले किसी भी नशा तस्कर को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन का मानना है कि घाटी और जम्मू संभाग में आतंकवाद के बाद अगर कोई सबसे बड़ा खतरा पैदा हुआ है, तो वह नशा (ड्रग्स) है। यही कारण है कि अब कश्मीर से लेकर जम्मू तक नशा तस्करों के खिलाफ चौतरफा जंग छेड़ दी गई है, जहां तस्करों को जेल भेजने के साथ-साथ उनकी अवैध संपत्तियों को कुर्क और जमींदोज करने का सिलसिला लगातार जारी है।

    #JammuKashmirNews #AntiDrugDrive #LGMANOJSINHA #JammuPolice #NDPSAct #PropertyDemolished #NikiTawiJammu #DrugFreeJK #BreakingNews #DanikKhabar

  • 5.jpg

    जम्मू-कश्मीर के साम्बा में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास खेत से पाकिस्तानी ड्रोन बरामद, सुरक्षा एजेंसियां सतर्क

    जे कुमार साम्बा, 15 जुलाई 2026: जम्मू-कश्मीर के साम्बा जिले में अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) के नजदीक स्थित एक खेत से संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन बरामद होने के बाद सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हो गई हैं। सीमावर्ती इलाके के एक स्थानीय किसान ने जब सुबह अपने खेत में एक लावारिस ड्रोन पड़ा देखा, तो उसने तुरंत इसकी सूचना स्थानीय पुलिस और सीमा सुरक्षा बल (BSF) को दी।

    सूचना मिलते ही BSF के वरिष्ठ अधिकारी, पुलिस की टुकड़ी और बम निरोधक दस्ता (BDDS) तुरंत मौके पर पहुंचे। सुरक्षा बलों ने एहतियातन पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी और ड्रोन को अपने कब्जे में ले लिया। प्रारंभिक जांच में यह एक हेक्साकॉप्टर ड्रोन प्रतीत हो रहा है, जिसका उपयोग सीमा पार से हथियारों, नशीले पदार्थों (हेरोइन) या भारतीय क्षेत्र में रेकी करने के लिए किए जाने की आशंका जताई जा रही है।

    अधिकारियों के अनुसार, इस बात की गहन जांच की जा रही है कि क्या इस ड्रोन के जरिए कोई संदिग्ध पैकेट या खेप भारतीय क्षेत्र में गिराई गई है। ड्रोन के मिलने के तुरंत बाद साम्बा के सीमावर्ती गांवों, जंगलों और संवेदनशील इलाकों में एक व्यापक तलाशी अभियान (Search Operation) शुरू कर दिया गया है। सुरक्षा बल स्थानीय इनपुट और तकनीकी जांच की मदद से ड्रोन के उड़ान पथ (Flight Path) का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं।

    #SambaNews #DroneFound #JammuKashmir #BorderSecurity #BSFAlert #PakistanDrone #DefenseNewsIndia #BreakingNewsJammu

  • Untitled Project - 2026-07-07T113753.218.jpg

    पुंछ: लोरन में महिला पर जंगली भालू का हमला; गंभीर हालत में जिला अस्पताल रेफर

    पुंछ, 07 जुलाई, (अन्‍नू): जिले की मंडी तहसील के लोरन ब्लाक में एक जंगली भालू ने खेत में काम कर रही महिला पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। घायल महिला की पहचान ज़रीना अख्तर (42 वर्ष, पत्नी अब्दुल कबीर) निवासी डारगाम, लोरन के रूप में हुई है।

    जानकारी के अनुसार, ज़रीना अख्तर इन दिनों अपने परिवार और मवेशियों के साथ शाकी भारा डोक में रह रही थी। दोपहर के समय जब वह खेत में पानी डाल रही थी, तभी अचानक एक जंगली भालू ने उन पर हमला कर दिया। महिला के शोर मचाने पर आस-पास के लोग मौके पर जुटे और डंडों व पत्थरों की मदद से भालू को खदेड़ा।

    इसके बाद ग्रामीणों ने घायल महिला को कंधों पर उठाया और करीब 3 घंटे का पैदल रास्ता तय कर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लोरन पहुंचाया। जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें राजा सुखदेव सिंह जिला अस्पताल, पुंछ रेफर कर दिया, जहाँ फिलहाल उनका उपचार जारी है।

    #PoonchNews #BearAttack #WildlifeAlert #LoranBlock #MandiTehsil #JammuKashmir #HospitalUpdate #BreakingNews #DanikKhabar

  • 4.jpg

    शोपियां में रात 8 बजे के बाद पटाखे चलाने पर पूर्ण प्रतिबंध: जिला प्रशासन ने शांति और सुरक्षा के मद्देनजर 2 महीने के लिए लागू की रोक

    जे कुमार शोपियां (जम्मू-कश्मीर), 7 जुलाई 2026: जम्मू-कश्मीर के शोपियां जिला प्रशासन ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था, सार्वजनिक शांति और सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए एक बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है। जिला मजिस्ट्रेट (डीएम) द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार, पूरे शोपियां जिले में रात 20:00 बजे (रात 8 बजे) से लेकर सुबह 6:00 बजे तक हर प्रकार के पटाखे और आतिशबाजी चलाने पर आगामी दो महीनों के लिए पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है।

    प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, यह निर्णय सीमांत और संवेदनशील इलाकों में रात के समय होने वाले तेज धमाकों से पैदा होने वाले भ्रम और सुरक्षा जोखिमों को रोकने के लिए लिया गया है। कई बार रात के समय पटाखों की आवाज से स्थानीय नागरिकों में भय का माहौल बन जाता है और सुरक्षा बलों को भी आतंकवाद विरोधी अभियानों या सामान्य गश्त के दौरान भ्रामक स्थितियों का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा, रात के समय आतिशबाजी से होने वाले ध्वनि और वायु प्रदूषण से बीमार बुजुर्गों, बच्चों और आम जनता को मिलने वाली असुविधा को भी इस रोक का मुख्य आधार बनाया गया है।

    जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह प्रतिबंध अगले दो माह तक जिले के सभी नागरिक और ग्रामीण क्षेत्रों में कड़ाई से लागू रहेगा। यदि कोई भी व्यक्ति, दुकानदार या विवाह-समारोह के आयोजक इस आदेश का उल्लंघन करते हुए रात 8 बजे के बाद आतिशबाजी करते पाए गए, तो उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत कानूनी धाराओं के तहत सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय पुलिस प्रशासन को इस आदेश का सख्ती से पालन कराने और संवेदनशील चौकियों पर रात के समय विशेष निगरानी रखने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं।

    #ShopianNews #JammuKashmirUpdates #FirecrackerBan #DistrictAdministrationShopian #SecurityMeasuresJK #NightRestrictions #KashmirNews #BreakingNewsJK

  • 4.jpg

    बिना रजिस्ट्रेशन वाले अमरनाथ यात्री इंतजार करें, सुप्रीम कोर्ट ने तय की है संख्या: उपराज्यपाल

    जे कुमार श्रीनगर, 6 जुलाई 2026: जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने अमरनाथ यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे अपनी तय पंजीकरण तिथि के अनुसार ही यात्रा पर आएं। उपराज्यपाल ने स्पष्ट किया कि पवित्र अमरनाथ गुफा की ओर जाने वाले मार्गों पर प्रतिदिन यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं की अधिकतम संख्या सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के तहत तय की गई है। इस तय सीमा को किसी भी हाल में बढ़ाया नहीं जा सकता है, इसलिए सुरक्षा और सुचारू व्यवस्था बनाए रखने के लिए नियमों का पालन करना अनिवार्य है।

    उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के बाद उपराज्यपाल ने कहा कि इस वर्ष बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की अभूतपूर्व भीड़ उमड़ रही है। इस दौरान बड़ी संख्या में ऐसे यात्री भी पहुंच रहे हैं जिनके पास वैध रजिस्ट्रेशन नहीं है या वे अपनी अलॉटेड तारीख से पहले आ गए हैं, जिससे बेस कैंपों पर अनावश्यक दबाव और लंबा वेटिंग टाइम बढ़ रहा है। प्रशासन ने बिना रजिस्ट्रेशन वाले यात्रियों को फिलहाल चेक पोस्ट पर रोकने और स्थिति अनुकूल होने पर ही आगे बढ़ने देने का निर्णय लिया है। उन्होंने श्रद्धालुओं से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि बिना कन्फर्म रजिस्ट्रेशन के यात्रा शुरू न करें ताकि किसी भी असुविधा से बचा जा सके।

    #AmarnathYatra2026 #ManojSinha #JammuKashmir #SupremeCourt #YatraRegistration #BabaBarfani

  • HMYzHHRaQAEbQ5b.jpg

    जम्मू-कश्मीर का ऐतिहासिक कदम: यूएई पहुंचे शोपियन और पुलवामा के प्रीमियम चेरी और प्लम, किसानों को मिला 120% तक अधिक मुनाफा!

    आरएस अनेजा, 5 जुलाई नई दिल्ली - वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीईडीए) ने जम्मू एवं कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश से संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के अबू धाबी और दुबई के लिए प्रीमियम अरेको चेरी (उच्च घनत्व वाली यूरोपीय मीठी चेरी) और सेंट्रोज प्लम की पहली निर्यात खेप के आभासी शुभारंभ की सुविधा प्रदान की।

    शोपियन और पुलवामा जिलों के किसानों से प्राप्त एक मीट्रिक टन प्रीमियम स्टोन फ्रूट्स की निर्यात खेप, जम्मू और कश्मीर के उच्च मूल्य वाले बागवानी उत्पादों की बढ़ती निर्यात क्षमता और प्रीमियम भारतीय फलों की बढ़ती वैश्विक मांग को उजागर करती है।

    वर्चुअल फ्लैग-ऑफ समारोह का नेतृत्व एपीईडीए के अध्यक्ष अभिषेक देव ने किया। कार्यक्रम में एपीईडीए के अधिकारी, जम्मू-कश्मीर सरकार के बागवानी विभाग के अधिकारी, निर्यातक, अंतरराष्ट्रीय खरीदार और बागवानी क्षेत्र के अन्य हितधारक शामिल हुए। इस कार्यक्रम में क्षेत्र से उच्च गुणवत्ता वाले बागवानी उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा देने की दिशा में सभी हितधारकों के सहयोगात्मक प्रयासों को प्रदर्शित किया गया।

    इस उपलब्धि पर किसानों और निर्यातकों को बधाई देते हुए एपीईडीए के अध्यक्ष अभिषेक देव ने कहा, "जम्मू और कश्मीर उत्कृष्ट बागवानी उत्पादों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में उभरा है, जिसमें निर्यात की अपार संभावनाएं हैं। एपीईडीए निर्यात प्रोत्साहन पहलों, गुणवत्ता सुधार और वैश्विक खरीदारों तक पहुंच के माध्यम से किसानों के लिए बाजार तक पहुंच को सुगम बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। यूएई को अरेको चेरी और सेंट्रोज़ बेर का निर्यात भारत के उत्कृष्ट फलों की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय मांग को दर्शाता है और उत्पादकों के लिए नए अवसर पैदा करेगा, साथ ही बेहतर मूल्य प्राप्ति के माध्यम से उनकी आय में वृद्धि में योगदान देगा।"

    निर्यात पहल से किसानों को महत्वपूर्ण लाभ मिलने की उम्मीद है, क्योंकि इससे उन्हें प्रीमियम अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच मिलेगी और बेहतर मूल्य प्राप्त होगा। निर्यात आपूर्ति श्रृंखला से जुड़े उत्पादकों को चेरी पर घरेलू बाजार की मौजूदा कीमतों की तुलना में लगभग 60 प्रतिशत और बेर पर 120 प्रतिशत अधिक लाभ प्राप्त हुआ, जो निर्यात आधारित बाजार पहुंच के माध्यम से प्राप्त महत्वपूर्ण मूल्यवर्धन को दर्शाता है।

    इस सफल शिपमेंट से शोपियन और पुलवामा के उत्पादकों के लिए निर्यात के नए अवसर पैदा होने, निर्यात-उन्मुख उत्पादन पद्धतियों को व्यापक रूप से अपनाने को प्रोत्साहन मिलने और जम्मू-कश्मीर के प्रीमियम स्टोन फ्रूट्स की वैश्विक उपस्थिति को और मजबूत करने की उम्मीद है।

    एपीईडीए बाजार संपर्क पहलों, गुणवत्ता आश्वासन सहायता, खरीदार संपर्क कार्यक्रमों और निर्यात सुगमीकरण उपायों के माध्यम से उच्च गुणवत्ता वाले कृषि उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा देना जारी रखे हुए है। यूएई को अरेको चेरी और सेंट्रोज़ बेर का निर्यात भारत के ताजे फलों के निर्यात को बढ़ाने, किसानों की आय में वृद्धि करने और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में देश की उपस्थिति को मजबूत करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है।

  • 3.jpg

    बम-बम भोले के जयघोष से गूंजा आसमान: 4,822 शिव भक्तों का पहला जत्था जम्मू से अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना

    जे कुमार जम्मू, 3 जुलाई 2026: 'बम-बम भोले', 'हर-हर महादेव' और 'जय बर्फानी बाबा' के गगनभेदी जयघोष के बीच वार्षिक श्री अमरनाथ जी यात्रा का औपचारिक शिलान्यास हो गया है। जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने गुरुवार तड़के करीब 5 बजे जम्मू के भगवती नगर यात्री निवास बेस कैंप से 4,822 तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर पवित्र गुफा के लिए रवाना किया। 57 दिनों तक चलने वाली यह पवित्र तीर्थयात्रा आज से दोनों मुख्य मार्गों पर श्रद्धालुओं के लिए खोल दी गई है, जो रक्षाबंधन के दिन 28 अगस्त को संपन्न होगी।

    प्रशासनिक अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, पवित्र गुफा की ओर बढ़ने वाले इस पहले जत्थे में 3,707 पुरुष, 816 महिलाएं, 16 बच्चे, 246 साधु और 37 साध्वियां शामिल हैं। भक्तों का यह विशाल काफिला कुल 259 हल्के और भारी वाहनों में सवार होकर कश्मीर घाटी के जुड़वां बेस कैंपों के लिए रवाना हुआ। यात्रा को सुचारू रूप से चलाने के लिए श्रद्धालुओं को दो अलग-अलग मार्गों में विभाजित किया गया है, जिसके तहत पारंपरिक 48 किलोमीटर लंबे नुनवान-पहलगाम मार्ग के लिए 112 वाहनों में 2,510 तीर्थयात्री और छोटे व सीधे 14 किलोमीटर लंबे बालटाल मार्ग के लिए 147 वाहनों में 2,312 श्रद्धालु रवाना हुए हैं।

    सुरक्षा के मोर्चे पर इस बार प्रशासन ने अभूतपूर्व और कड़े इंतजाम किए हैं। जम्मू-स्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुरक्षा बलों की पैनी नजर है और पूरे काफिले को अत्याधुनिक हथियारों से लैस केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के बख्तरबंद वाहनों की सुरक्षा में ले जाया जा रहा है। इसके साथ ही पूरी यात्रा पर निगरानी रखने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कैमरों, ड्रोन, हाई-रिजॉल्यूशन सीसीटीवी और 'प्रोजेक्ट हॉक आई' के तहत हवाई निगरानी तकनीकों का उपयोग किया जा रहा है। कश्मीर घाटी के प्रवेश द्वार काजीगुंड स्थित नवयुग टनल पर स्थानीय प्रशासन, पुलिस अधिकारियों और नागरिकों ने फूलों की पंखुड़ियों और मालाओं के साथ पहले जत्थे का पारंपरिक और भव्य स्वागत किया।

    #AmarnathYatra2026 #HarHarMahadev #BabaBarfani #AmarnathYatraBegins #JammuToKashmir #FirstBatchYatra #SecurityCoverJK #BreakingNewsIndia

  • 6.jpg

    अमरनाथ यात्रा से पहले बालटाल पहुंचे उपराज्यपाल मनोज सिन्हा: तैयारियों का लिया जायजा

    जे कुमार श्रीनगर, 29 जून 2026: पवित्र अमरनाथ यात्रा के आधिकारिक शुभारंभ से पहले जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल (LG) मनोज सिन्हा ने आज गांदरबल जिले के बालटाल आधार शिविर (Base Camp) का तूफानी दौरा किया। आगामी 2 जुलाई से शुरू होने जा रही इस वार्षिक तीर्थयात्रा के मद्देनजर उपराज्यपाल ने बालटाल रूट पर सुरक्षा व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधाओं, स्वच्छता और श्रद्धालुओं के ठहरने के प्रबंधों की बारीकी से समीक्षा की।

    सुरक्षा और बुनियादी ढांचे का जमीनी निरीक्षण

    उपराज्यपाल ने बालटाल में स्थापित विभिन्न शिविरों, टेंट सिटी, लंगर स्थलों और लखनपुर से लेकर पवित्र गुफा तक के मार्ग की तैयारियों का जायजा लिया |

    अभेद्य सुरक्षा चक्र: एलजी ने सुरक्षा बलों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की और निर्देश दिए कि संवेदनशील रास्तों पर सुरक्षा के त्रिस्तरीय (Three-Tier) पुख्ता इंतजाम होने चाहिए। ड्रोन रोधी प्रणाली (Anti-Drone System) और सीसीटीवी कैमरों की लाइव फीड की निरंतर निगरानी की जाए।

    हेल्थ और रिलीफ कैंप: ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ऑक्सीजन की कमी से निपटने के लिए उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को बालटाल मार्ग पर पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन सिलेंडर, विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती और आपातकालीन दवाएं चौबीस घंटे उपलब्ध रखने के आदेश दिए।

    श्रद्धालुओं की सुविधा हमारी पहली प्राथमिकता: एलजी

    निरीक्षण के बाद मीडिया से बात करते हुए उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि प्रशासन देश-विदेश से आने वाले बाबा बर्फानी के भक्तों का स्वागत करने के लिए पूरी तरह तैयार है।

    एलजी मनोज सिन्हा का कड़ा निर्देश: "अमरनाथ यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगमता और गरिमा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। मौसम की किसी भी अनपेक्षित चुनौती या भूस्खलन जैसी स्थिति से निपटने के लिए एनडीआरएफ (NDRF), एसडीआरएफ (SDRF) और सेना की आपदा प्रबंधन टीमें पूरी तरह अलर्ट मोड पर रहें। टेंटों और लंगरों में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि सभी पंजीकृत यात्रियों के पास अनिवार्य रूप से सक्रिय आरएफआईडी (RFID) टैग उपलब्ध हों।"

    इस मौके पर श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड (SASB) और प्रशासन के तमाम आला अधिकारी भी मौजूद रहे।

    #AmarnathYatra2026 #LGManojSinha #BaltalBaseCamp #KashmirNews #AmarnathYatraPrep #SecurityReview #BabaBarfani #BreakingNewsKashmir

  • 11.jpg

    बाबा बर्फानी के जयकारों से गूंजेगा देश: 2 जुलाई को रवाना होगा अमरनाथ यात्रा का पहला जत्था, सुरक्षा के अभेद्य इंतजाम

    जे कुमार जम्मू/नई दिल्ली, 27 जून 2026: पवित्र अमरनाथ गुफा में बाबा बर्फानी के दर्शन की प्रतीक्षा कर रहे लाखों श्रद्धालुओं का इंतजार अब खत्म होने जा रहा है। इस वर्ष की वार्षिक अमरनाथ यात्रा के लिए श्रद्धालुओं का पहला आधिकारिक जत्था 2 जुलाई 2026 को जम्मू के भगवती नगर आधार शिविर (Base Camp) से कश्मीर के लिए रवाना होगा। प्रशासन और श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड (SASB) ने यात्रा को सुरक्षित, सुगम और सफल बनाने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।

    चप्पे-चप्पे पर पहरा: सुरक्षा के थ्री-टियर पुख्ता इंतजाम

    मौजूदा सुरक्षा स्थितियों को देखते हुए केंद्र सरकार और जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने इस बार सुरक्षा के अभेद्य और अभूतपूर्व इंतजाम किए हैं:

    • थ्री-टियर सुरक्षा चक्र: यात्रा मार्ग, आधार शिविरों और पवित्र गुफा के आसपास त्रिस्तरीय (Three-Tier) सुरक्षा घेरा तैयार किया गया है। इसमें भारतीय सेना, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF), बीएसएफ और जम्मू-कश्मीर पुलिस के हजारों जवानों को तैनात किया गया है।

    • हाई-टेक निगरानी: पूरे रूट और संवेदनशील संकरे रास्तों पर नजर रखने के लिए पहली बार आधुनिक 'एंटी-ड्रोन सिस्टम' (Anti-Drone System), सीसीटीवी (CCTV) कैमरे और स्निफर डॉग्स की मदद ली जा रही है। बालटाल और पहलगाम दोनों रास्तों पर सुरक्षा बलों ने कड़े सुरक्षा घेरे में मॉक ड्रिल भी पूरी कर ली है।

    RFID टैग अनिवार्य, स्वास्थ्य सुविधाओं पर विशेष ध्यान

    इस बार भी सुरक्षा और ट्रैकिंग के लिहाज से सभी पंजीकृत श्रद्धालुओं के लिए RFID (रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन) टैग अनिवार्य किया गया है, ताकि हर यात्री की पल-पल की लोकेशन ट्रैक की जा सके।

    सुविधाएं और स्वास्थ्य: ऊंचाई पर ऑक्सीजन की कमी से निपटने के लिए यात्रा मार्ग पर जगह-जगह अत्याधुनिक चिकित्सा केंद्र (Medical Camps) स्थापित किए गए हैं, जहाँ ऑक्सीजन सिलेंडर और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम 24 घंटे तैनात रहेगी। इसके अलावा लंगर कमेटियों ने भी अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। उपराज्यपाल प्रशासन ने दांव किया है कि खराब मौसम की स्थिति से निपटने के लिए आपदा प्रबंधन (NDRF/SDRF) की टीमों को भी हाई अलर्ट पर रखा गया है।

    #AmarnathYatra2026 #BabaBarfani #AmarnathYatraSecurity #JammuKashmir #FirstBatchAmarnath #Pilgrimage2026 #IndianArmy #BreakingNewsIndia

  • 1.jpg

    अमरनाथ यात्रा 2026: सुरक्षा होगी 'हाई-टेक', जम्मू-कश्मीर पुलिस ने लॉन्च किया QR कोड आधारित ‘पहचान ऐप’

    जे कुमार श्रीनगर/जम्मू, 10 जून 2026: आगामी 3 जुलाई से शुरू होने जा रही ऐतिहासिक श्री अमरनाथ जी यात्रा-2026 को पूरी तरह सुरक्षित, पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस ने तकनीक का सहारा लेते हुए एक बेहद अनूठी और बड़ी पहल की है। अमरनाथ यात्रा के मुख्य पड़ावों (अनंतनाग और गांदरबल जिलों) की पुलिस द्वारा ‘पहचान ऐप’ (Pahchan App) नामक एक अत्याधुनिक QR कोड-आधारित मोबाइल एप्लीकेशन लॉन्च की गई है।

    इतिहास में पहली बार इस ऐप के जरिए यात्रा मार्ग पर मौजूद सभी स्थानीय सेवा प्रदाताओं (Service Providers) की पूरी 'कुंडली' एक क्लिक पर उपलब्ध होगी।

    QR कोड स्कैन करते ही सामने आ जाएगी सेवादारों की 'पहचान'

    अनंतनाग के एसएसपी आमोद अशोक नागपुरे और गांदरबल पुलिस के अनुसार, इस ऐप को विशेष रूप से उन लोगों को ट्रैक और रेगुलेट करने के लिए बनाया गया है जो यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को अपनी सेवाएं देते हैं।

    • कौन-कौन होंगे कवर: यात्रा मार्ग, सोनमर्ग, पहलगाम और मुख्य ट्रैक पर सेवा देने वाले सभी टट्टू (घोड़े) वाले, पिट्ठू (कुली), पालकी वाले, स्थानीय दुकानदार, गाइड और टैक्सी ड्राइवर इस ऐप के दायरे में आएंगे।

    • मिलेगी डिजिटल आईडी: पुलिस वेरिफिकेशन और अनिवार्य रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रत्येक सेवा प्रदाता को एक विशेष और यूनीक QR कोड आधारित डिजिटल पहचान पत्र जारी किया जाएगा।

    • यात्री खुद कर सकेंगे ऑन-स्पॉट वेरिफिकेशन: यात्रा पर आने वाला कोई भी श्रद्धालु, पर्यटक या सुरक्षाकर्मी अपने साधारण स्मार्टफोन से सेवा प्रदाता के पास मौजूद क्यूआर कोड को स्कैन कर सकेगा। स्कैन करते ही उस व्यक्ति का नाम, फोटो, पुलिस वेरिफिकेशन स्टेटस और क्रेडेंशियल स्क्रीन पर आ जाएंगे।

    ऐप लॉन्च करने के मुख्य उद्देश्य

    • अवांछित तत्वों की 'नो एंट्री': इसका प्राथमिक उद्देश्य सुरक्षा ग्रिड को मजबूत करना है ताकि कोई भी संदिग्ध, असामाजिक या अनवेरीफाइड तत्व सेवादार के भेष में यात्रा ट्रैक या कैंपों में प्रवेश न कर सके।

    • भीड़ और विवादों पर नियंत्रण: व्यवस्थित और डिजिटल रिकॉर्ड होने से यात्रा मार्गों पर ओवरचार्जिंग (तय किराए से अधिक वसूली), धोखाधड़ी, मोलभाव और स्थानीय स्तर पर होने वाले आपसी विवादों पर लगाम लगेगी।

    • पारदर्शिता और भरोसा: इस हाई-टेक कदम से देश-विदेश से आने वाले लाखों श्रद्धालुओं का स्थानीय सेवा प्रदाताओं पर भरोसा बढ़ेगा कि वे पूरी तरह सुरक्षित हाथों में हैं।

    3 जुलाई से 28 अगस्त तक चलेगी यात्रा

    गौरतलब है कि इस वर्ष श्री अमरनाथ जी की पवित्र वार्षिक तीर्थयात्रा 3 जुलाई 2026 से आधिकारिक रूप से शुरू होकर आगामी 28 अगस्त 2026 (57 दिन) तक चलेगी। सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए अकेले अनंतनाग जिले में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) की करीब 140 कंपनियां तैनात की जा रही हैं, जिन्हें इस बार 'पहचान ऐप' के रूप में एक मजबूत डिजिटल सुरक्षा कवच भी मिल गया है।

    #AmarnathYatra2026 #PahchanApp #JammuKashmirPolice #AnantnagPolice #HighTechSecurity #ShriAmarnathJi #PilgrimsSafety #DigitalIndia #LocalNewsJK

  • download (2).jpg

    पानीपत रिफाइनरी से जम्मू जा रही मालगाड़ी में ओवरलोडिंग: क्षमता से अधिक पेट्रोल भरने के कारण पटरियों पर छलका तेल, टला बड़ा हादसा

    अभिकांत पानीपत, 2 जून 2026 : पानीपत स्थित इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOC) की रिफाइनरी से पेट्रोल लेकर जम्मू के लिए रवाना हुई एक मालगाड़ी (टैंकर ट्रेन) में क्षमता से अधिक ईंधन भरे जाने (ओवरलोडिंग) का एक गंभीर मामला सामने आया है। मालगाड़ी के टैंकों से अत्यधिक मात्रा में पेट्रोल छलक-छलक कर रेलवे पटरियों और आस-पास के ट्रैक पर गिरता चला गया। गनीमत यह रही कि इस दौरान कोई चिंगारी नहीं उठी, जिससे एक बहुत बड़ा और भयानक हादसा होने से बाल-बाल टल गया।

    जैसे ही इस गंभीर लापरवाही की भनक रेलवे प्रशासन और रिफाइनरी प्रबंधन को लगी, तुरंत हड़कंप मच गया और आनन-फानन में एहतियाती कदम उठाए गए।

    स्टेशन पर तेल छलकते देख अधिकारियों के उड़े होश

    मिली जानकारी के अनुसार, पानीपत रिफाइनरी के मुख्य स्टेशन से मालगाड़ी को हरी झंडी दिखाकर जम्मू के लिए रवाना किया गया था। ट्रेन ने जैसे ही रफ्तार पकड़ी, टैंकों के ऊपरी हिस्से और वॉल्व से पेट्रोल का रिसाव तेज हो गया और वह पटरियों पर गिरने लगा।

    रेलवे कर्मचारियों ने दी सूचना: रास्ते में पड़ने वाले स्टेशन और केबिन क्रू के कर्मचारियों ने जब मालगाड़ी के डिब्बों से पेट्रोल को लगातार नीचे छलकते और बहते देखा, तो तुरंत इसकी सूचना कंट्रोल रूम और वरिष्ठ अधिकारियों को दी।

    इंजन को सुरक्षित रोका गया: सूचना मिलते ही सुरक्षा के लिहाज से मालगाड़ी को तुरंत अगले उपयुक्त स्टेशन पर सुरक्षित रूप से रुकवाया गया और प्रभावित हिस्से की घेराबंदी की गई।

    फायर ब्रिगेड और तकनीकी टीमें मौके पर मुस्तैद

    हादसे और आगजनी के खतरे को देखते हुए रेलवे और स्थानीय प्रशासन ने तुरंत मोर्चा संभाला:

    फायर टेंडर तैनात: किसी भी प्रकार की अनहोनी या आग लगने की स्थिति से निपटने के लिए तुरंत फायर ब्रिगेड (दमकल विभाग) की गाड़ियों को मौके पर तैनात किया गया।

    रिफाइनरी की तकनीकी टीम पहुंची: पानीपत रिफाइनरी से विशेष तकनीकी विशेषज्ञों की टीम को मौके पर बुलाया गया। टीम ने जांच में पाया कि टैंकों में पेट्रोल का स्तर उनकी निर्धारित क्षमता से काफी ऊपर तक भरा हुआ था, जिसके कारण ट्रेन के चलने और हिलने-डुलने से पेट्रोल छलक रहा था। तकनीकी दल ने तुरंत प्रेशर को नियंत्रित कर लीकेज और ओवरफ्लो को बंद करने की प्रक्रिया शुरू की।

    बड़ी लापरवाही पर बैठ सकती है उच्च स्तरीय जांच

    पेट्रोल जैसे अत्यधिक ज्वलनशील पदार्थ के परिवहन में इस तरह की ओवरलोडिंग को सुरक्षा मानकों का घोर उल्लंघन माना जा रहा है। रेलवे और रिफाइनरी के जानकारों का कहना है कि पटरियों पर पेट्रोल गिरने से जरा सी चिंगारी भी पूरे क्षेत्र को मलबे में तब्दील कर सकती थी।

    इस गंभीर चूक को लेकर रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और स्थानीय प्रशासन ने मामले को संज्ञान में ले लिया है। अंदेशा जताया जा रहा है कि इस मामले में लोडिंग सुपरवाइजर और संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के लिए एक उच्च स्तरीय संयुक्त जांच कमेटी बैठाई जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की जानलेवा लापरवाही की पुनरावृत्ति न हो।

    #PanipatNews #PanipatRefinery #IOCL #IndianRailways #OverloadedPetrolTrain #RailwaySafety #AmbalaDivision #HaryanaNews #MajorAccidentAverted #LocalNewsHaryana