ईडी का बड़ा एक्शन: अहमदाबाद में 129.80 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क; रीयल एस्टेट में होमबॉयर्स से ठगी का पर्दाफाश

अहमदाबाद, 18 अगस्त (अन्‍नू): प्रवर्तन निदेशालय (ED) के अहमदाबाद जोनल कार्यालय ने धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत कार्रवाई करते हुए 129.80 करोड़ रुपये की अचल संपत्तियों को अनंतिम रूप से कुर्क कर लिया है। यह कार्रवाई रौनक रवजीभाई सोनाणी, विपुलभाई गोर्धनभाई गंगाणी, मेसर्स केशव नारायण ग्रुप व अन्य के खिलाफ अहमदाबाद में होमबॉयर्स और निवेशकों के साथ की गई बड़ी रीयल एस्टेट धोखाधड़ी के मामले में की गई है।

बिना RERA अप्रूवल और एनए परमिशन के बेची दुकानें व फ्लैट्स

ईडी की जांच में सामने आया कि आरोपियों ने आम खरीदारों, छोटे निवेशकों, व्यापारियों और मध्यम वर्गीय परिवारों को निशाना बनाया। उन्होंने अपनी योजनाओं को वैध बताकर आकर्षक प्री-लॉन्च दरों पर फ्लैट्स और दुकानें देने का झांसा दिया। इतना ही नहीं, निवेशकों को 54% से 100% तक के सुनिश्चित रिटर्न का फर्जी आश्वासन दिया गया।

छाछरोड़ी व शीला प्रोजेक्ट में सैकड़ों खरीदारों से करोड़ों ऐंठे

जांच से खुलासा हुआ कि बिना किसी अनिवार्य एनए (N.A.) अनुमति और रेरा पंजीकरण के प्रोजेक्ट्स बेचे जा रहे थे। छाछरोड़ी योजना में लगभग 250 खरीदारों/निवेशकों से और शीला स्थित 'अक्षर अनंत' योजना में 44 से अधिक खरीदारों से भारी रकम वसूली गई। न तो खरीदारों को दुकानें व फ्लैट्स का पजेशन दिया गया और न ही पैसे वापस लौटाए गए।

फर्जी दस्तावेज और डमी सेल डीड से हड़पी जमीन

आरोपियों ने सुनियोजित तरीके से फर्जी वादों के सहारे पैसे ऐंठकर फंड को डायवर्ट किया। छाछरोड़ी प्रोजेक्ट में RERA रजिस्ट्रेशन "अंडर प्रोसेस" बताकर बाद में उस जमीन को केवल महेंद्रभाई पटेल, आशिष विष्णुभाई पटेल व अन्य के नाम ट्रांसफर कर दिया। इसी तरह शीला स्थित अक्षर अनंत प्रोजेक्ट में फर्जी एमओयू बनाकर बाद में प्रोजेक्ट बंद कर दिया गया और जमीन पूर्व रमेशचंद्र पटेल, दीपराजसिंह विक्रमसिंह झाला, महेंद्रसिंह प्रद्युम्नसिंह चुड़ासमा व अन्य के नाम ट्रांसफर कर दी गई। भुगतान दिखाए बिना डमी सेल डीड के जरिए तीसरे पक्षों को संपत्तियां बेची गईं।

129.80 करोड़ की जमीन कुर्क, आगे की जांच जारी

मामले में अहमदाबाद के डीसीबी, सैटेलाइट, नवरंगपुरा और बोपल पुलिस स्टेशनों में दर्ज 5 प्राथमिकियों और भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत दाखिल चार्जशीट के आधार पर ईडी ने जांच शुरू की थी। कुर्क की गई संपत्तियों में छाछरोड़ी, शीला और कलोल/कडी तालुका के जेसंगपुरा व अगोल की कुल 44,000 वर्ग मीटर से अधिक की जमीनें शामिल हैं। ईडी ने खरीदारों को सलाह दी है कि किसी भी रीयल एस्टेट प्रोजेक्ट में निवेश से पहले रेरा रजिस्ट्रेशन, एनए परमिशन और मालिकाना हक के दस्तावेजों की अच्छी तरह से जांच कर लें।

#EDAction #RealEstateScam #AhmedabadNews #EDRaid #PMLA #DainikKhabar #RealEstateFraud

Previous

हिसार पुलिस की अनूठी पहल: हादसों की रोकथाम के लिए गोवंश के गले में बांधी रिफ्लेक्टिव टेप, दूर से चमकेगी रोशनी

Next

आतंकी नेटवर्क का खात्मा, आतंकवाद के प्रति हमारी शून्य सहिष्णुता नीति: मुख्यमंत्री मध्यप्रदेश