मेरठ में चौंकाने वाला खुलासा: झुग्गी में रहने वाली महिला के नाम पर ₹357 करोड़ का टैक्स फ्रॉड; जांच में उड़े होश

जे कुमार मेरठ, 19 जुलाई 2026: उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले से धोखाधड़ी और टैक्स चोरी का एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने केंद्रीय माल एवं सेवा कर (CGST) विभाग और पुलिस इंटेलिजेंस के होश उड़ा दिए हैं। यहाँ एक मलिन बस्ती (झुग्गी-झोपड़ी) में रहने वाली एक अत्यंत गरीब महिला के नाम पर शातिर जालसाजों ने करीब 357 करोड़ रुपये का फर्जी टैक्स फ्रॉड और इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का घोटाला कर डाला। मामले का खुलासा तब हुआ जब जीएसटी विभाग का नोटिस महिला के झुग्गी वाले पते पर पहुंचा।

जानकारी के अनुसार, विभाग की खुफिया विंग को मेरठ की एक कथित फर्म के टर्नओवर में करोड़ों रुपये के संदिग्ध हेरफेर और फर्जी इनवॉइस (बिल) के जरिए टैक्स क्रेडिट क्लेम करने की जानकारी मिली थी। जब अधिकारियों की टीम जांच के लिए दिए गए पते पर पहुंची, तो वहां का नजारा देखकर दंग रह गई। जिस महिला को इस करोड़ों की कंपनी का मालिक और मुख्य आरोपी दिखाया गया था, वह वास्तव में एक झुग्गी में रहकर मजदूरी करती है और उसे इस बात की भनक तक नहीं थी कि उसके नाम पर कोई व्यापार चल रहा है।

शुरुआती जांच में सामने आया है कि कुछ समय पहले शातिर ठगों ने सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने, लोन पास कराने या नौकरी देने के बहाने इस महिला के आधार कार्ड, पैन कार्ड और अन्य जरूरी दस्तावेज धोखे से ले लिए थे। उन्हीं दस्तावेजों का दुरुपयोग कर जालसाजों ने फर्जी कंपनियां रजिस्टर्ड कराईं और बैंकों में फर्जी खाते खुलवाकर 357 करोड़ रुपये का बोगस लेन-देन दिखा दिया। पुलिस और जीएसटी विजिलेंस की संयुक्त टीमें अब उन मास्टरमाइंड बैंक खातों और सीए (CA) की तलाश में जुट गई हैं, जिन्होंने इस बड़ी आर्थिक धोखाधड़ी की स्क्रिप्ट लिखी थी।

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