09/06/26

चंडीगढ़ विजिलेंस विभाग में दो इंस्पेक्टरों की डेपुटेशन पर होगी तैनाती: केवल बेदाग और साफ छवि वाले अधिकारियों को मिलेगा मौका, आवेदन के लिए बचा सिर्फ एक दिन

चंडीगढ़, 9 जून (अन्‍नू): चंडीगढ़ प्रशासन के विजिलेंस (सतर्कता) विभाग में भ्रष्टाचार और प्रशासनिक अनियमितताओं के गंभीर मामलों की जांच को और अधिक पारदर्शी व तेज बनाने के लिए पुलिस के दो योग्य इंस्पेक्टरों को प्रतिनियुक्ति (डेपुटेशन) पर तैनात करने की आधिकारिक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस संबंध में चंडीगढ़ प्रशासन की ओर से चंडीगढ़ पुलिस मुख्यालय को एक पत्र जारी कर सभी विंग और यूनिटों तक इसकी सूचना तुरंत पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि इच्छुक और पात्र इंस्पेक्टर निर्धारित समय सीमा के भीतर अपना आवेदन जमा कर सकें।

विभागीय सूत्रों के अनुसार, इस महत्वपूर्ण डेपुटेशन प्रक्रिया के लिए आवेदन करने का अब केवल एक ही दिन का समय शेष बचा है। प्रशासन की ओर से स्पष्ट किया गया है कि यह प्रतिनियुक्ति पूरी तरह से एक स्वैच्छिक प्रक्रिया है। किसी भी पुलिस इंस्पेक्टर को उसकी इच्छा के विरुद्ध या जबरन विजिलेंस विभाग में नहीं भेजा जा सकता है। जो भी इंस्पेक्टर इस विंग में सेवा देने के इच्छुक हैं, उन्हें अपने संबंधित विंग के डीएसपी (DSP) की लिखित सिफारिश के माध्यम से ही अपना आवेदन उच्चाधिकारियों को भेजना होगा।

चयन के लिए सख्त शर्तें: केवल 'बेदाग' और साफ रिकॉर्ड वाले इंस्पेक्टर ही होंगे पात्र

चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों और शर्तों के अनुसार, विजिलेंस विभाग में तैनाती के लिए चयन के मापदंड बेहद कड़े रखे गए हैं:

  • साफ सेवा रिकॉर्ड: केवल वही पुलिस इंस्पेक्टर इस डेपुटेशन के लिए पात्र माने जाएंगे, जिनका पिछला पूरा सेवा रिकॉर्ड (Service Record) पूरी तरह साफ-सुथरा और बेदाग रहा हो।

  • कोई जांच लंबित न हो: आवेदन करने वाले अधिकारी के खिलाफ वर्तमान में किसी भी प्रकार की विभागीय जांच (Departmental Inquiry), विजिलेंस जांच या कोई भी आपराधिक मामला कोर्ट या पुलिस में लंबित (Pending) नहीं होना चाहिए।

  • बेहतर छवि व कार्यशैली: अधिकारी की कार्यशैली ईमानदार और समाज व महकमे के बीच उनकी छवि पूरी तरह से निष्पक्ष होनी आवश्यक है।

चूंकि विजिलेंस विभाग में सीधे तौर पर भ्रष्टाचार, रिश्वतखोरी और बड़े प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ आने वाली शिकायतों की संवेदनशील जांच होती है, इसलिए इस विभाग में उन्हीं अधिकारियों को तैनात किया जाता है जिनके पास लंबा अनुभव और अटूट ईमानदारी का रिकॉर्ड हो।

विभाग में हालिया फेरबदल और वर्तमान स्थिति

चंडीगढ़ विजिलेंस विभाग में पिछले कुछ समय में हुए तबादलों और पदोन्नति के कारण ये पद रिक्त हुए हैं:

  • रणजोत सिंह बने डीएसपी: हाल ही में विजिलेंस विभाग में शानदार सेवाएं दे रहे इंस्पेक्टर रणजोत सिंह को पदोन्नत (Promote) करके डीएसपी बनाया गया है, जिसके बाद विभाग में पद खाली हुआ था।

  • शादी लाल बने थाना प्रभारी: विजिलेंस में तैनात रहे इंस्पेक्टर शादी लाल का पिछले दिनों तबादला कर उन्हें सेक्टर-34 थाने का नया प्रभारी (SHO) नियुक्त किया गया था।

  • एक माह पहले भेजे गए दो इंस्पेक्टर: करीब एक महीने पहले चंडीगढ़ पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रशासनिक आवश्यकताओं को देखते हुए इंस्पेक्टर ज्ञान और इंस्पेक्टर रोहित को विजिलेंस विभाग में भेजा था। हालांकि, उस समय डेपुटेशन के लिए औपचारिक रूप से पद नहीं निकाले गए थे। अब प्रशासन ने पूरी तरह नियमों के तहत इन दो पदों के लिए आधिकारिक आवेदन मांगे हैं।

वर्तमान में तैनात टीम: फिलहाल चंडीगढ़ प्रशासन के विजिलेंस विभाग की मुख्य कमान इंस्पेक्टर अजय कुमार, इंस्पेक्टर लखबीर सिंह, इंस्पेक्टर रोहित और इंस्पेक्टर ज्ञान के हाथों में है, जो भ्रष्टाचार विरोधी विभिन्न मामलों की कड़ाई से जांच कर रहे हैं। अब दो नए इंस्पेक्टरों के आने से इस जांच टीम को और अधिक मजबूती मिलेगी।

#ChandigarhAdministration #ChandigarhVigilance #PoliceDeputation #AntiCorruptionCell #ChandigarhPolice #DSPRecommendations #CleanServiceRecord #VigilanceInquiry #ChandigarhNews #BreakingNews #DanikKhabar

Previous

पठानकोट में शॉल की ओट में दुस्साहसिक वारदात: महिला चोर गैंग ने 20 सेकंड में शटर खींचकर बनाई जगह, दुबली चोर को घुसाकर उड़ाए ₹7,500

Next

बिजली निगमों में कार्यकुशलता बढ़ाने के लिए लागू करें एकीकृत ईआरपी प्रणाली-ऊर्जा मंत्री राजस्थान