16/01/25

केंद्रीय कर्मचारियों को सरकार का तोहफा, 8वें वेतन आयोग को मिली मंजूरी, बढ़ेगी सैलरी!

आरएस अनेजा, 16 जनवरी नई दिल्ली

भारत सरकार ने 16 जनवरी 2025 को 8वें केंद्रीय वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसकी घोषणा की और कहा कि आयोग का गठन 2026 तक होने की संभावना है। सरकार के इस कदम का एक करोड़ से अधिक केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को इंतजार है, जो अपने बेसिक पे (मूल वेतन) अलाउंसेस (भत्ते), पेंशन और अन्य लाभों को संशोधित करने में मदद करने के लिए आयोग के गठन की उम्मीद कर रहे हैं। चलिए जानते हैं कि 8वां वेतन आयोग गठन से सरकारी कर्मचारी क्या-क्या उम्मीद कर सकते हैं।

8वां वेतन आयोग केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों और पेंशनधारकों के वेतन संशोधन की समीक्षा करने और सिफारिशें देने का कार्य करेगा। नई वेतन संरचना (new pay scales) के जनवरी 2026 तक लागू होने की उम्मीद है। कर्मचारी संघ, जैसे ऑल इंडिया रेलवेमेंस फेडरेशन, 8वें वेतन आयोग से कम से कम 2.86 का फिटमेंट फैक्टर सिफारिश करने की मांग कर रहे हैं।

8वां वेतन आयोग केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों और पेंशनधारकों के वेतन संशोधन की समीक्षा करने और सिफारिशें देने का कार्य करेगा। नई वेतन संरचना (new pay scales) के जनवरी 2026 तक लागू होने की उम्मीद है।

बता दें कि भारत में वेतन आयोग हर दस साल में गठित किया जाता है ताकि सरकारी कर्मचारियों के वेतन और भत्तों की संरचना का मूल्यांकन और संशोधन किया जा सके। पिछला 7वां वेतन आयोग फरवरी 2014 में गठित हुआ था, और इसकी सिफारिशें जनवरी 2016 से लागू की गई थीं।

कर्मचारी संघ, जैसे ऑल इंडिया रेलवेमेंस फेडरेशन, 8वें वेतन आयोग से कम से कम 2.86 का फिटमेंट फैक्टर सिफारिश करने की मांग कर रहे हैं। अगर इसे स्वीकार किया गया तो केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के वेतन में लगभग 186% की वृद्धि हो सकती है।

हालांकि आयोग के गठन को मंजूरी दे दी गई है, लेकिन इसकी सिफारिशों और कार्यान्वयन की सटीक समय-सीमा के बारे में अभी जानकारी सामने नहीं आई है।

8वें वेतन आयोग की नई सिफारिशों के लागू होने के बाद सैलरी और डीए समेत कई भत्तों में बड़ा इजाफा होगा। सरकारी कर्मचारियों की सैलरी में बदलाव फिटमेंट फैक्टर के आधार पर किया जाएगा। पिछले 7वें वेतन आयोग ने 2.57 के फिटमेंट फैक्टर का उपयोग किया था। वहीं, 8वें वेतन आयोग में इसे बढ़ाकर 2.86 तक किए जाने की संभावना है।

यह एक कैल्कुलेशन मेथड (Salary Calculator) है जिससे कर्मचारियों की बेसिक सैलरी और पेंशन तय होती है। आसान शब्दों में कहें तो फिटमेंट फैक्टर, सरकारी कर्मचारियों और रिटायर कर्मचारियों के वेतन और पेंशन को बढ़ाने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला कैल्कुलेशन है। हालांकि, इसमें भत्तों को शामिल नहीं किया जाता।

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