मध्यप्रदेश से केमिकल के बदले तैयार एमडी लाकर राजस्थान में सप्लाई करने के सिंडिकेट का पर्दाफाश
एन.एस.बाछल, 28 अगस्त, जयपुर।
नशे के सौदागरों के खिलाफ एएनटीएफ की कार्रवाई का सिलसिला लगातार जारी है। इसी क्रम में एएनटीएफ ने जोधपुर जिले के कापरड़ा थाना क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए 2 किलो 231 ग्राम अवैध मादक पदार्थ एमडी बरामद किया है। अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स बाजार में इसकी कीमत करीब 67 लाख रुपये आंकी गई है। कार्रवाई के दौरान एक कार जब्त कर फलोदी निवासी 31 वर्षीय आरोपी रामपाल धतरवाल को गिरफ्तार किया गया।
महानिरीक्षक पुलिस एएनटीएफ विकास कुमार ने बताया कि यह कार्रवाई महानिदेशक पुलिस राजीव कुमार शर्मा एवं अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस दिनेश एमएन के मार्गदर्शन एवं दिशा-निर्देशन में की गई। कार्रवाई में एएनटीएफ टीम के साथ पुलिस थाना कापरड़ा, जोधपुर ग्रामीण की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
हाईवे पर बिछाया निगरानी का जाल, टोल पर दबोची संदिग्ध कार
एएनटीएफ टीम को सूचना मिली थी कि एक संदिग्ध स्विफ्ट कार जोधपुर-जयपुर हाईवे एनएच-25 पर बिनावास टोल की ओर आ रही है। सूचना के आधार पर टीम ने दो हिस्सों में निगरानी शुरू की। एक टीम बिनावास टोल पहुंची, जबकि दूसरी टीम ने टोल से पहले निगरानी संभाली।
कुछ देर बाद सूचना में बताए हुलिए के अनुसार कार दिखाई दी। टीम ने कार का पीछा करते हुए टोल पर मौजूद टीम को इसकी सूचना दी। टोल के पास संदिग्ध कार की घेराबंदी कर उसे रुकवाया गया। स्थानीय पुलिस की मौजूदगी में कार और चालक की तलाशी ली गई तो उसमें 2 किलो 231 ग्राम एमडी बरामद हुई। पुलिस ने मादक पदार्थ और कार आरजे 19 सीक्यू 0674 जब्त कर आरोपी रामपाल को गिरफ्तार कर लिया।
बीएससी और जीएनएम की पढ़ाई, अस्पताल में नौकरी... फिर नशे की तस्करी
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी रामपाल बीएससी और जीएनएम की पढ़ाई कर चुका है। उसने कुछ समय तक यश अमन हॉस्पिटल तथा होम केयर में काम भी किया। कम आमदनी और अधिक पैसा कमाने तथा अपने शौक पूरे करने के लालच में वह मादक पदार्थों की तस्करी में उतर गया।
वर्ष 2018 में मध्यप्रदेश से डोडा पोस्त लेकर मारवाड़ की ओर आते समय कोटा के आर.के. पुरम थाना पुलिस ने उसे पकड़ा था। इस मामले में उसे सजा हुई और करीब छह साल आठ माह बाद दिसंबर 2024 में वह जमानत पर बाहर आया।
जेल से बाहर आते ही फिर तस्करी
जमानत पर बाहर आने के बाद आरोपी ने अपने एक रिश्तेदार के साथ दोबारा डोडा पोस्त की तस्करी शुरू कर दी। वर्ष 2025 में उसके रिश्तेदार के ट्रैक्टर-टैंकर के जरिए बड़ी मात्रा में डोडा पोस्त की सप्लाई के मामले में मध्यप्रदेश पुलिस ने उसके रिश्तेदार को गिरफ्तार किया। जांच में रामपाल का नाम भी सामने आया और वह फरार हो गया।
करीब एक साल तक फरार रहने के दौरान आर्थिक तंगी आने पर उसने डोडा पोस्त का काम छोड़कर एमडी की तस्करी शुरू कर दी।
मध्यप्रदेश से एमडी लेकर राजस्थान में सप्लाई का नेटवर्क
पूछताछ में आरोपी के मध्यप्रदेश के तस्करों से संपर्क होने की बात सामने आई है। वह कथित तौर पर मध्यप्रदेश से एमडी लेकर जोधपुर और आसपास के क्षेत्रों में सप्लाई करता था। वहीं, एमडी बनाने के लिए आवश्यक केमिकल की उपलब्धता पर सख्ती बढ़ने के बाद नेटवर्क ने कच्चा माल उपलब्ध कराने का रास्ता अपनाया।
आरोपी के अनुसार वह जोधपुर क्षेत्र से आवश्यक केमिकल खरीदकर मध्यप्रदेश में मौजूद तस्करों तक पहुंचाता था और बदले में उसे तैयार एमडी उपलब्ध कराई जाती थी। इसके बाद तैयार एमडी को राजस्थान के मारवाड़ क्षेत्र में लाकर सप्लाई किया जाता था।
राजस्थान में सख्ती बढ़ी तो मध्यप्रदेश में तलाशे ड्रग निर्माण के ठिकाने
एएनटीएफ की लगातार कार्रवाई से राजस्थान में सिंथेटिक ड्रग्स के अवैध निर्माण पर शिकंजा कसने के बाद तस्करों द्वारा राजस्थान से बाहर निर्माण के ठिकाने तलाशने की गतिविधियां सामने आ रही हैं। पूछताछ में यह भी सामने आया है कि आरोपी द्वारा मध्यप्रदेश में मौजूद तस्करों को आवश्यक कच्चा माल/केमिकल उपलब्ध करवाकर एमडी तैयार करवाई जाती थी और फिर उसे राजस्थान में सप्लाई किया जाता था।
अब नेटवर्क की जड़ तक पहुंचने में जुटी एएनटीएफ
आरोपी से पूछताछ के आधार पर एएनटीएफ ने तस्करी नेटवर्क से जुड़े संदिग्धों और संभावित ठिकानों पर दबिश शुरू कर दी है। टीम यह पता लगाने में जुटी है कि मध्यप्रदेश से एमडी की आपूर्ति कौन कर रहा था, निर्माण के लिए कच्चा माल और केमिकल कौन उपलब्ध करवा रहा था तथा राजस्थान में तैयार एमडी किन-किन तस्करों तक पहुंचाई जा रही थी।
एएनटीएफ आरोपी के संपर्कों और सप्लाई चैन की कड़ियां जोड़ते हुए एमडी के निर्माण, परिवहन और वितरण से जुड़े पूरे नेटवर्क तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। पूछताछ और जांच के आधार पर इस नेटवर्क में शामिल अन्य आरोपियों की भूमिका भी खंगाली जा रही है।
सूचना दें, पहचान रहेगी गोपनीय
महानिरीक्षक पुलिस विकास कुमार ने आमजन से अपील की कि किसी भी अपराधी अथवा मादक पदार्थों की तस्करी से संबंधित जानकारी होने पर एएनटीएफ को सूचना दें। सूचना एएनटीएफ नियंत्रण कक्ष 0141-2502877 अथवा व्हाट्सएप नंबर 9261225056 पर दी जा सकती है। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
उन्होंने बताया कि कार्रवाई में शामिल समस्त टीमों को विशेष कार्यक्रम के दौरान एएनटीएफ मुख्यालय में सम्मानित किया जाएगा।
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