बाबर भी मर चुका है और बाबरी मस्जिद भी इस्लाम के अनुसार पुनर्जन्म नहीं होता फिर बाबरी मस्जिद दुबारा कैसे बन सकती है

बंगाल में बाबरी मस्जिद बनाने की घोषणा तृणमूल कांग्रेस (TMC) के विधायक हुमायूं कबीर ने की है।

परंतु विधायक हुमायूं कबीर को इस्लाम की मान्यताओं का ज्ञान नहीं है ।

इस्लाम पुनर्जन्म में विश्वास नहीं करता ।बाबर भी मर चुका है और बाबरी मस्जिद भी इस्लाम के अनुसार यह अब कयामत वाले दिन ही पुनर्जीवित होंगे फिर विधायक हुमायूं कबीर कौन होता इनको जन्म देने वाला । पुनर्जन्म में हिंदुत्व ही विश्वास करता है कहीं यह धर्म परिवर्तन के बारे में तो नहीं सोच रहे और अगर हिंदू बन जाते हैं फिर इनका किसी मस्जिद से क्या वास्ता

उन्होंने 6 दिसंबर को मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा में इसकी आधारशिला रखने का ऐलान किया है।

हुमायूं कबीर का दावा है कि यह मस्जिद तीन साल में बनकर तैयार हो जाएगी।

विधायक हुमायूं कबीर ने यह घोषणा अयोध्या में बाबरी मस्जिद के विध्वंस की 33वीं बरसी के दिन की है।

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