मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने प्रदेश के खिलाड़ियों की माताओं को किया सम्मानित
चंडीगढ़, 2 जनवरी (अभी) : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गुरुग्राम में क्रीड़ा भारती की हरियाणा प्रांतीय ईकाई की ओर से पैरालंपिक व ओलंपिक खेलों में पदक विजेता तथा प्रतिभागी खिलाड़ियों की माताओं के सम्मान में आयोजित वीर माता जीजा बाई प्रांत स्तरीय सम्मान समारोह में शिरकत की। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने वर्ष 2024 में पेरिस ओलंपिक और पैरालंपिक में भाग लेने वाले खिलाड़ियों की माताओं को सम्मानित किया।इस अवसर पर संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरु द्रोण की नगरी गुरुग्राम में आयोजित माता जीजा बाई सम्मान समारोह खेल के क्षेत्र में माताओं की भूमिका का उत्सव है। देश-दुनिया में परचम लहराने वाले खिलाड़ियों की माताओं का सम्मान गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि यह समारोह न केवल हमारे खिलाड़ियों के प्रति बल्कि उनकी माताओं के प्रति भी कृतज्ञता व्यक्त करने का एक अवसर है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी कहते हैं कि हर बड़ी सफलता के पीछे माँ का हाथ होता है। ऐसी माताओं का सम्मान करना समाज की जिम्मेदारी है। इससे नई पीढ़ी को प्रेरित करने में मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री ने क्रीड़ा भारती की हरियाणा प्रदेश की इकाई को भी इस अनूठी पहल के लिए बधाई दी। साथ ही संस्था को 21 लाख रुपये की सहयोग राशि देने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने माताओं के ऐतिहासिक योगदान को याद दिलाते हुए कहा कि माता जीजा बाई, जिनके नाम से समारोह का आयोजन किया गया है, उन्होंने अपने बेटे छत्रपति शिवाजी महाराज को एक सच्चे योद्धा और नेतृत्वकर्ता के रूप में तैयार किया था। उनकी दूरदृष्टि और परिश्रम से देश को शिवाजी महाराज के रूप में ऐसा महान योद्धा मिला, जिसने उस समय स्वराज की नींव रखी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा खेल क्षेत्र में पूरे देश का गौरव बन चुका है। यहां के खिलाड़ी ओलंपिक, पैरालंपिक, एशियाई और राष्ट्रमंडल स्तर के खेलों में हर जगह अपना परचम लहरा रहे हैं। खिलाड़ी राष्ट्र की धरोहर होता है। हमने इसी सोच के साथ हरियाणा में खिलाड़ियों के लिए स्पोर्ट्स पॉलिसी बनाई है। उत्कृष्ट खिलाड़ियों के लिए रोजगार सुनिश्चित करने के लिए 'हरियाणा उत्कृष्ट खिलाड़ी सेवा नियम 2021' बनाये गए हैं। इसके तहत खेल विभाग में 550 नए पद बनाये गये। इसके अलावा, पदक विजेता 224 खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी दी है। खिलाड़ियों को क्लास-वन से क्लास-टू तक के पदों की सीधी भर्ती में आरक्षण का प्रावधान किया गया है। हरियाणा देश का पहला ऐसा राज्य है, जहां पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सबसे अधिक नकद पुरस्कार दिए जाते हैं। इसके अतिरिक्त उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 298 खिलाड़ियों को मानदेय भी दिया जा रहा है।