राम मंदिर निर्माण के लिए पहली ईंट रखने वाले कामेश्वर चौपाल का निधन, पीएम मोदी ने शोक जताया

आरएस अनेजा, 07 फरवरी नई दिल्ली

राम मंदिर निर्माण के लिए पहली ईंट रखने वाले राम जन्मभूमि तीर्थ ट्रस्ट के ट्रस्टी और पूर्व एमएलसी कामेश्वर चौपाल का गुरुवार को निधन हो गया। वह कई दिनों से बीमार चल रहे थे। दिल्ली के गंगाराम अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली। राष्ट्रीय स्वयंसेवक रहे चौपाल को प्रथम कारसेवक का दर्जा दिया गया था।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सहित उत्तरप्रदेश के सीएम आदित्यनाथ योगी व अन्य ने श्री कामेश्वर चौपाल के निधन पर शोक व्यक्त किया है।

कामेश्वर चौपाल का द‍िल्‍ली में न‍िधन हुआ। वह लंबे समय से बीमार चल रहे थे। उनका दिल्ली के सर गंगा राम अस्पताल में इलाज चल रहा था। अगस्त 2024 को इसी अस्पताल में किडनी का ट्रांसप्लांट कराया गया था। 

कामेश्वर चौपाल ने ही अयोध्या में राम मंदिर की पहली ईंट रखी थी। वह बिहार विधान परिषद के सदस्य भी रहे थे। बीजेपी में उनके निधन से शोक की लहर दौड़ गई है। कामेश्वर चौपाल को संघ ने प्रथम कार सेवक का दर्जा भी दिया था। कामेश्वर चौपाल बिहार के सुपौल जिले के रहने वाले हैं. उनको पहले कारसेवक के तौर पर जाना जाता है। चौपाल को सबसे बड़ी पहचान अयोध्या राम मंदिर आंदोलन से मिली है।उन्होंने आंदोलन में अहम भूमिका निभाई थी। वह पहले ऐसे शख्स थे, जिन्होंने 9 नवंबर 1989 को राम जन्मभूमि मंदिर के लिए पहली ईंट (राम शिला) रखी थी। तब वह विश्व हिंदू परिषद के स्वयंसेवक थे। 

राम मंदिर का मुद्दा जोरशोर से उठाने वाले चौपाल के जोश को देखते हुए ही उनको राम  मंदिर के लिए पहली राम शिला (ईंट) रखने के लिए चुना गया था। कामेश्वर चौपाल विश्व हिंदू परिषद से 1982 में जुड़े।1989 में वीएचपी ने उनको गया मुख्यालय के साथ राज्य प्रभारी बनाया। इसी दौरान वह राम मंदिर के लिए रामशिला लेकर अयोध्या आए थे। 1991 में वह विश्व हिंदू परिषद छोड़कर भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए। बीजेपी ने उनको लोकसभा का टिकट भी दिया लेकिन चुनाव में उनको हार का सामना करना पड़ा। 2014 लोकसभा चुनाव में भी उनको हार का सामना करना पड़ा। हालांकि वह दो बार राज्यसभा के सदस्य रहे।

वह अनन्य रामभक्त थे : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

प्रधानमंत्री ने कहा कि श्री चौपाल एक समर्पित राम भक्त थे और उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण में अपना बहुमूल्य योगदान दिया था।

‘एक्स’ पर एक पोस्ट में प्रधानमंत्री ने लिखा:

“भाजपा के वरिष्ठ नेता और राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के ट्रस्टी कामेश्वर चौपाल जी के निधन से अत्यंत दुख हुआ है। वे एक अनन्य रामभक्त थे, जिन्होंने अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण में बहुमूल्य योगदान दिया। दलित पृष्ठभूमि से आने वाले कामेश्वर जी समाज के वंचित समुदायों के कल्याण के कार्यों के लिए भी हमेशा याद किए जाएंगे। शोक की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिजनों और समर्थकों के साथ हैं। ओम शांति!” 

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