भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से सन्यास लिया
आरएस अनेजा, ब्रिस्बेन 18 दिसम्बर।
भारतीय क्रिकेट टीम के स्पिन गेंदबाज एवं दिग्गज खिलाड़ी रविचंद्रन अश्विन ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच गाबा में खेले गए तीसरे टेस्ट के बाद उन्होंने इस बात की घोषणा की।आर अश्विन ने गाबा टेस्ट के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपने संन्यास का ऐलान किया। इस दौरान कप्तान रोहित शर्मा भी उनके साथ मौजूद थे।
अश्विन ने संन्यास को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, ''बतौर भारतीय क्रिकेटर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर यह मेरा आखिरी दिन है।” अश्विन इस दौरान भावुक नजर आए। अश्विन ने कहा, "मुझे लगता है कि एक क्रिकेटर के रूप में मुझमें कुछ दम बाकी है, लेकिन मैं इसे शायद क्लब स्तर के क्रिकेट में दिखाना चाहता हूं, लेकिन यह (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में) आखिरी दिन होगा।" अश्विन को पिछले महीने आईपीएल की नीलामी में चेन्नई सुपर किंग्स ने खरीदा था और वह आगामी आईपीएल सीजन में चेन्नई से खेलते हुए दिखाई देंगे। अश्विन ने भारत के लिए अपना आखिरी मैच ऑस्ट्रेलिया में जारी टेस्ट सीरीज के दूसरे मुकाबले में खेला था जो एडिलेड में खेला गया था। इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ खेली गई घरेलू टेस्ट सीरीज में भी वह टीम इंडिया का हिस्सा थे।
अश्विन का खास तौर से टेस्ट करियर बेहद ही शानदार रहा है। उन्होंने 106 टेस्ट खेलते हुए 537 विकेट हासिल किए। इस दौरान उन्होंने बल्ले से भी कमाल करते हुए 6 शतक और 14 अर्धशतक सहित कुल 3503 रन बनाए। उनका सर्वश्रेष्ठ टेस्ट स्कोर 124 रन रहा है। उनके सीमित ओवर क्रिकेट करियर की करें तो अश्विन ने टीम इंडिया के लिए 116 वनडे में 156 विकेट जबकि 65 T20I में 72 विकेट चटकाए हैं। अश्विन का एक टेस्ट पारी में 59 रन देकर 7 विकेट लेना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा है। अश्विन टेस्ट में क्रिकेट सबसे जल्दी 350 विकेट हासिल करने वाले गेंदबाज हैं। ये कारनामा उन्होंने सिर्फ 66 टेस्ट मैच में पूरा किया था। वो 2011 में वन डे विश्व कप जीतने वाली भारतीय क्रिकेट टीम का हिस्सा थे।