निस्वार्थ भाव से करें समाज का उत्थान - ऊर्जा राज्यमंत्री
एन.एस. बाछल, 09 जून, जयपुर।
ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं बूंदी जिले के प्रभारी मंत्री हीरालाल नागर ने रविवार को बूंदी जिला स्थित नैनवां में धाकड़ उत्थान समिति की ओर से आयोजित भामाशाहों के सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस दौरान समारोह को संबोधित करते हुए उन्होंने शिक्षा को समाज के चहुंमुखी विकास और उन्नति का मूलमंत्र बताया।
इस अवसर पर धरणीधर महाराज छात्रावास में सहयोग करने वाले नागरचाल के 108 गावों के 43 भामाशाहों को ऊर्जा राज्यमंत्री श्री नागर ने सम्मानित भी किया।
इस दौरान प्रभारी मंत्री नागर ने कहा कि किसी भी समाज की प्रगति का रास्ता शिक्षा से होकर गुजरता है। उन्होंने कहा, "जब हमारे बच्चे शिक्षित होंगे, तभी वे अच्छे पदों पर पहुँचेंगे और समाज तथा देश का नाम रोशन करेंगे।" उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, लेकिन सही अवसर और सुविधाओं के अभाव में वे पीछे रह जाती हैं। यह छात्रावास ऐसी ही प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए एक उत्कृष्ट मंच प्रदान करेगा।
नागर ने समाजोत्थान के कार्यों में सहयोग करने वाले समाज के भामाशाहों और कार्यकर्ताओं की सराहना करते हुए कहा कि यह एक पुण्य का कार्य है। इन कार्यों से समाज के बच्चों को आगे बढ़ने के बेहतर अवसर मिलेंगे। उन्होंने समाज के लोगों से आह्वान किया कि वे अपने बच्चों, विशेषकर बालिकाओं की शिक्षा पर विशेष ध्यान दें। साथ ही समाज के सभी व्यक्ति निस्वार्थ प्रेम भाव से समाज उत्थान की दिशा में कार्य करें।
समाज की ओर से प्रभारी मंत्री नागर का माल्यार्पण एवं साफा पहनाकर स्वागत किया गया तथा उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट किया गया।