21/04/26

पलवल: स्टिल्ट+4 फ्लोर पॉलिसी पर रोक; सड़कों पर अवैध कब्जे हटाने के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम

जे कुमार पलवल, 21 अप्रैल 2026: हरियाणा सरकार के निर्देशों के अनुपालन में पलवल के जिला नगर योजनाकार (DTP) अनिल मलिक ने आवासीय प्लॉट्स के लिए 'स्टिल्ट+4 फ्लोर' पॉलिसी पर रोक लगाने की आधिकारिक घोषणा की है। इसके साथ ही, सड़कों के किनारे किए गए अवैध कब्जों और नियमों के उल्लंघन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया गया है।

राइट ऑफ वे (Right of Way) पर अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं

जिला नगर योजनाकार ने स्पष्ट किया है कि सड़कों के निर्धारित रास्ते (राइट ऑफ वे) पर किसी भी प्रकार का कब्जा अवैध है।

  • क्या हटाना होगा: हरित पट्टी (Green Belt), निजी लॉन, लैंडस्केप एरिया या बाउंड्री वॉल के नाम पर सड़कों की जगह घेरे हुए सभी अवैध निर्माणों को हटाने के निर्देश दिए गए हैं।

  • सख्त चेतावनी: ऐसे सभी लोगों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई होगी जो रेजिडेंशियल प्लॉट्स में स्टिल्ट फ्लोर का बिना अनुमति के उपयोग कर रहे हैं या वहां अवैध निर्माण कर चुके हैं।

24 घंटे का समय: स्वयं हटाएं कब्जा

प्रशासन ने सभी कॉलोनाइजरों, डेवलपर्स, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) और फ्लोर मालिकों को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है।

  • अपील: नागरिक लाइसेंस प्राप्त कॉलोनियों की आंतरिक सड़कों से अपना अतिक्रमण स्वयं हटा लें।

  • स्टिल्ट फ्लोर का उपयोग: स्टिल्ट फ्लोर में किए गए किसी भी अनाधिकृत उपयोग या कब्जे को तुरंत बंद कर उसे स्वीकृत भवन योजना (Approved Building Plan) के अनुसार बहाल करें।

होगी कानूनी कार्रवाई

अनिल मलिक ने चेतावनी दी है कि यदि 24 घंटे के भीतर निर्देशों का पालन नहीं किया गया, तो विभाग अधिनियम एवं नियमों के तहत बलपूर्वक अतिक्रमण हटाएगा। इस प्रक्रिया में आने वाला खर्च भी उल्लंघनकर्ताओं से ही वसूला जाएगा और कॉलोनियों को उनके मूल अनुमोदित ले-आउट के अनुसार बहाल किया जाएगा।

#PalwalNews #DTPPalwal #StiltPlus4Floor #EnforcementDrive #HaryanaUrbanDevelopment #EncroachmentRemoval #RightOfWay #BuildingByeLaws #PalwalUpdate #BreakingNewsHaryana #UrbanPlanning #TownCountryPlanning #IllegalConstruction #CitizenAlert #HaryanaGovt

Previous

वर्क से वेलनेस तकः रीको औद्योगिक क्षेत्रों में मिलेंगी खेल सुविधाएं-राजस्थान

Next

मध्य पूर्व में तनाव बढ़ रहा है। युद्धविराम की समय सीमा समाप्त हो रही है और अमेरिका-ईरान के बीच राजनयिक गतिरोध युद्ध के खतरे को बढ़ा रहा है।