मेवात के खूंखार गिरोह का सरगना गिरफ्तार: दिल्ली-एनसीआर के मोबाइल स्टोरों को निशाना बनाने वाले अरमान को पुलिस ने दबोचा

नई दिल्ली, 30 अप्रैल (अन्‍नू): दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच (NDR/R.K. पुरम) ने तीन साल से फरार चल रहे मेवात आधारित सेंधमारी गिरोह के मुख्य सरगना, अरमान (26 वर्ष) को गिरफ्तार कर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। अरमान दिल्ली और एनसीआर में मोबाइल स्टोरों को उखाड़ने और उन्हें लूटने में माहिर था। आरोपी को 5 जून 2025 को पटियाला हाउस कोर्ट द्वारा 'घोषित अपराधी' (PO) करार दिया गया था। उस पर दिल्ली कैंट थाने में 2023 में एक मोबाइल शोरूम में लूटपाट करने का मामला दर्ज है।


जटिल ऑपरेशन और खुफिया रणनीति

आरोपी अरमान नूंह, हरियाणा का रहने वाला है और वह लंबे समय से गिरफ्तारी से बच रहा था। एसीपी उमेश बर्थवाल और इंस्पेक्टर राकेश शर्मा के नेतृत्व में गठित एक विशेष टीम ने इस जटिल ऑपरेशन को अंजाम दिया। टीम का एक सदस्य, जो स्थानीय भाषा और रीति-रिवाजों से अच्छी तरह वाकिफ था, उसे छह महीने तक इलाके में खुफिया जानकारी जुटाने के लिए तैनात किया गया था। अंततः तकनीकी और मैनुअल सर्विलांस की मदद से अरमान की सटीक लोकेशन का पता लगाया गया।


नूंह कोर्ट के पास बिछाया गया जाल

29 अप्रैल 2026 को पुलिस को सूचना मिली कि अरमान अपने गांव की सुरक्षा छोड़ अकेले नूंह की ओर जा रहा है। इस जानकारी पर त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम ने नूंह कोर्ट परिसर के पास घेराबंदी की और उसे बिना किसी संघर्ष के गिरफ्तार कर लिया। जांच में सामने आया कि जनवरी 2023 में हुई शोरूम की लूट में गिरोह ने फर्जी नंबर प्लेट वाली सिल्वर सैंट्रो कार का इस्तेमाल किया था। इस मामले में गिरोह के तीन सदस्यों को पहले ही पकड़ा जा चुका था, लेकिन अरमान तब से फरार था।


आरोपी का आपराधिक इतिहास

अरमान एक आदतन अपराधी है और वह मेवात क्षेत्र से संगठित अपराध का नेटवर्क संचालित करता था। वर्तमान मामले के अलावा, वह डकैती और चोरी के तीन अन्य मामलों में भी शामिल रहा है, जिनमें हरियाणा के बिलासपुर और बिछोर तथा राजस्थान के भिवाड़ी में दर्ज मामले शामिल हैं। वर्तमान में पुलिस उससे अन्य अनसुलझे मामलों और उसके नेटवर्क के अन्य साथियों के बारे में पूछताछ कर रही है।

 
 

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