केंद्रीय जल शक्ति मंत्री और मुख्यमंत्री ने पंचकूला से किया "कैच द रेन-2025" अभियान का शुभारंभ
चंडीगढ़, 22 मार्च (अभी): केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी आर पाटिल और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शनिवार को जिला पंचकूला के ताऊ देवीलाल स्टेडियम में आयोजित राष्ट्रीय स्तरीय कार्यक्रम में जल संरक्षण हेतु हरियाणा के लिए मुख्यमंत्री जल संचय योजना का शुभारंभ किया। इसके अलावा, जल शक्ति अभियानः कैच द रेन-2025 के अंतर्गत जल-जंगल-जनः एक प्राकृतिक बंधन अभियान, जल संसाधन एट्लस- 2025, एकीकृत जल संसाधन कार्य योजना 2025-27, ऑनलाइन कैनाल वॉटर मैनेजमेंट सिस्टम, बेहतरीन कार्य प्रणाली जेएसए-सीटीआर का भी शुभारंभ किया गया। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने जल शक्ति अभियानः कैच द रेन-2025 के तहत हरियाणा के जिला महेंद्रगढ़ के गांव मंडोला, दुलोठ, बदोपुर, खेड़ी, धोखेड़ा में जल संरक्षण के लिए विभिन्न कार्यों का उद्घाटन किया। इसके अलावा, जिला महेंद्रगढ़ के 400 कृत्रिम भू जल पुनर्भरण संरचनाओं का शिलान्यास भी किया गया। इसके अतिरिक्त, जिला यमुनानगर के गाँव देवधर व बेगमपुर, जिला कैथल के गाँव जुलानी खेडा, जिला भिवानी के गाँव पहाड़ी, जिला महेंद्रगढ़ के गाँव अकोली एवं गाँव मंद्लाना में सौर शक्ति एकीकृत सूक्ष्म सिंचाई परियोजना का उद्घाटन किया गया। साथ ही, फिरोजपुर झिरका के 52 गांवों व 5 ढाणियों में जल वितरण में बढ़ोतरी के लिए रैनीवेल आधारित परियोजनाओं तथा पटौदी विधानसभा क्षेत्र के 24 गांवों व 9 ढाणियों में जल बढ़ोतरी के लिए नहर आधारित परियोजनाओं का उद्घाटन किया गया। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री सी आर पाटिल और हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत पंचकूला में ठोस कचरा प्रबंधन के लिए 9 शेड्स, 103 सोखता गड्ढे तथा 21 सामुदायिक स्वच्छता परिसरों का भी उद्घाटन किया। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी आर पाटिल ने कहा कि हरियाणा को उसके हिस्से का पानी दिलाने के लिए अंतरराज्यीय मुद्दों को हल करने हेतु आने वाले दिनों में संबंधित राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक की जाएगी। समस्याओं के हल होने से हरियाणा को उसके हक का पानी मिलेगा।केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पहली बार इस कार्यक्रम को दिल्ली से बाहर मनाने के लिए कार्यक्रम के आयोजन के लिए जब हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी से पूछा गया तो उन्होंने तुरंत हाँ कर दी, क्योंकि वे जल का महत्व जानते हैं। जल संरक्षण और जल संचय के लिए जन-जन में जागृति आए, इसके लिए श्री नायब सिंह सैनी ने अपने राज्य बजट-2025-26 में भी बहुत से कार्यक्रमों की रूपरेखा बनाई है।
केंद्रीय जल शक्ति मंत्री ने कहा कि हरियाणा प्रगतिशील राज्य है, जो पानी की आपूर्ति के लिए दूसरे राज्यों पर निर्भर है। यहां बारिश भी कम होती है, ऐसे राज्य में आने वाले दिनों में पानी कमी न हो, इसकी चिंता सरकार के साथ-साथ नागरिकों को भी करने की आवश्यकता है। इसलिए जनभागीदारी के साथ-साथ केंद्र और हरियाणा सरकार मिलकर राज्य को पानी की कमी की समस्या से निजात दिलाने के लिए संकल्पबद्ध तरीके से काम करेंगे। कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जल संचय-जनभागीदारी को जन आन्दोलन में परिवर्तित करने की बात कही थी और आज का यह कार्यक्रम उसी का प्रतिबिंब है। उन्होंने कहा कि जल से हम सब कुछ बना सकते हैं। आज समय में जरूरत है जल को बचाने की, क्योंकि जल को बनाया नहीं जा सकता। जल वह पहला मापदंड होगा जिसके आधार पर आने वाली पीढ़ियां हमारा मूल्यांकन करेंगी। हमें देश में भविष्य के लिए जल संरक्षण को सुरक्षित करने के लिए अलग अलग प्रयोग करते हुए विभिन्न योजनाएं बनाकर जल संचय में आगे बढ़ने की आवश्यकता है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने विश्व जल दिवस के अवसर पर आह्वान किया कि सभी हरियाणावासी मिलकर ये संकल्प लें कि पानी की एक एक बूंद बचाएंगे और दुरुपयोग नहीं होने देंगे। ‘जल मित्र’ बनकर जलशक्ति अभियानः कैच द रेन 2025 को सफल बनाएंगे।मुख्यमंत्री ने कहा कि आज यहां से जो अभियान शुरू हो रहा है, वह जल संरक्षण की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने केंद्रीय जल शक्ति मंत्री को हरियाणा के 2 करोड़ 80 लाख लोगों की और से विश्वास दिलाया कि हरियाणा जल संरक्षण की इस मुहिम को सफल बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगा। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण की पवित्र धरा पर पधारने के लिए केंद्रीय जल शक्ति मंत्री का स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री के नेतृत्व में जल शक्ति अभियानः कैच द रेन 2025 की शुरुआत हरियाणा से करने के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री सी आर पाटिल का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि जब मुझे इस कार्यक्रम में आने का समाचार मिला तो मुझे एक मुख्यमंत्री के नाते ही नहीं बल्कि हरियाणा प्रदेश के नागरिक के रूप में भी खुशी हुई कि मैं जल संरक्षण के इस अभियान का हिस्सा बन रहा हूं। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण एक अभियान, एक आंदोलन, एक क्रांति है। आज जल संचय के जिस उद्देश्य के लिए अभियान की शुरुआत हुई है, यह केवल सरकार की एक योजना का कार्य नहीं है बल्कि यह हमारी आज और आने वाली पीढ़ी के कल के लिए महत्वपूर्ण विषय है।