छत्तीसगढ़ में तैनात सीआरपीएफ की सर्वश्रेष्ठ कंपनियों को किया गया सम्मानित
नई दिल्ली, 17 जुलाई (अभी): छत्तीसगढ़ सेक्टर मुख्यालय, नवा रायपुर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) द्वारा "सर्वश्रेष्ठ कंपनी कैम्प" प्रतियोगिता के विजेताओं के सम्मान में एक भव्य समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर सीआरपीएफ छत्तीसगढ़ सेक्टर के पुलिस महानिरीक्षक श्री राकेश अग्रवाल (आईपीएस) ने 16 जुलाई 2025 को दूरस्थ और चुनौतीपूर्ण बस्तर अंचल में तैनात बल के अधिकारियों और जवानों के असाधारण कार्यों की प्रशंसा की।
उन्होंने कहा कि जवानों ने न केवल अपने कैम्पों की आधारभूत संरचना को बेहतर बनाया है, बल्कि अपने क्षेत्रों में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनका यह समर्पण अत्यंत प्रेरणादायी है।
एक उच्च स्तरीय बोर्ड की सिफारिशों के आधार पर बस्तर जिले के पुष्पालघाट में स्थित एफ/188 बटालियन को छत्तीसगढ़ के 254 कैंपों में सर्वश्रेष्ठ कंपनी लोकेशन का दर्जा दिया गया। वहीं बीजापुर के फुटकेल में स्थित सी/229 बटालियन और सुकमा के करीगुंडम में स्थित बी/50 बटालियन को संयुक्त रूप से प्रथम रनर-अप घोषित किया गया। दंतेवाड़ा के रंगनार में स्थित एफ/111 बटालियन तथा सुकमा के रायगुडेम स्थित एफ/223 बटालियन को संयुक्त रूप से द्वितीय रनर-अप चुना गया।
विजेताओं को महानिरीक्षक श्री राकेश अग्रवाल के कर-कमलों से ट्रॉफी और प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। इस अवसर पर उप-महानिरीक्षक श्री एस.पी. सिंह, श्री एन.के. सिंह और श्री परमेंद्र सिंह यादव भी उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त कोंटा, बीजापुर, जगदलपुर और सुकमा से कई उप-महानिरीक्षक एवं यूनिट कमांडेंट भी वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए।
श्री अग्रवाल ने कहा, “इन कैम्पों में कार्यरत अधिकारी और जवान विषम परिस्थितियों में भी जिस प्रतिबद्धता से कार्य कर रहे हैं, वह अत्यंत सराहनीय है। उनका यह प्रयास निश्चित ही अन्य यूनिट्स के लिए प्रेरणा स्रोत बनेगा।”
उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ में वामपंथी उग्रवाद से निपटने में सीआरपीएफ की केंद्रीय भूमिका रही है। बड़ी संख्या में तैनात बटालियनों एवं विशेष कोबरा इकाइयों के माध्यम से बल ना केवल नक्सल विरोधी अभियानों को अंजाम दे रहा है, बल्कि स्थानीय समुदायों से संवाद व सहयोग बढ़ाकर विकास की प्रक्रिया को भी गति दे रहा है।